रानीखेत (अल्मोड़ा)। तहसील के सुदूरवर्ती भिटारकोट में खतरनाक देवराड़ गधेरे के बाद अब उसी गांव में पुनेदी गधेरे के ऊपर भी हेस्को और आईसीआईसीआई फाउंडेशन के सहयोग से 13 मीटर लंबे पुल का निर्माण हो चुका है।
भिटारकोट का पुनेदी गधेरा बरसात में काफी उफान पर रहता है। ग्रामीण महिलाओं को घास लाने, लकड़ी बीनने, मंदिर जाने और सोमेश्वर बाजार आदि स्थानों पर जाने के लिए पानी कम होने का इंतजार करना पड़ता था। पूर्व में यहां देवराड़ गधेरे में अमर उजाला फाउंडेशन और हेस्को संस्था के तकनीक सहयोग से 12 मीटर पुलिया का निर्माण हुआ था। पुनेदी गधेरा भी खतरनाक माना जाता है। इसीलिए ग्राम प्रधान संजय नेगी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने हेस्को संस्था से फिर गुहार लगाई।
आईसीआईसीआई फाउंडेशन के सहयोग से इस बार लगभग सात लाख की लागत से 13 मीटर लंबे लोहे का पुल बन गया है। अब बरसात में ग्रामीणों की दिनचर्या प्रभावित नहीं होगी। इस पुलिया से सोमेश्वर, ऐड़ाद्यो, झुपुलचौरा, कुलसीबी, नैड़ी आदि स्थानों के लोगों को लाभ मिलेगा। पुल बनने से ग्रामीणों में खुशी की लहर है।
- ग्रामीणों की मांग के बाद पुनेदी गधेरे में 13 मीटर लोहे के पुल का निर्माण हो चुका है। पुल तकनीकी रूप से काफी मजबूत है और आवागमन भी शुरू हो गया है। संस्था चंपावत, नैनीताल सहित पूरे उत्तराखंड में कार्य करती है। - विनोद खाती, हेस्को संस्था।
- गधेरा उफान पर आता था तो ग्रामीण परेशान हो रहे थे, उनकी समस्या को देखते हुए हेस्को संस्था से गुहार लगाई गई और अब पुलिया बनकर तैयार है। संस्था और आईसीआईसीआई फाउंडेशन का आभार जताते हैं। -संजय नेगी, प्रधान, भिटारकोट।
- संस्थाएं यदि गांवों में विकास कार्य करें तो अवश्य ही पलायन रुकेगा, युवाओं को रोजगार मिलेगा। हेस्को संस्था हमेशा सहयोग करती है, कुछ पुलिया का और प्रस्ताव दिया गया है। -गोविंद सिंह नेगी, सामाजिक कार्यकर्ता, भिटारकोट।
- हेस्को संस्था और आईसीआईसीआई फाउंडेशन का ग्रामीणों की तरफ से आभार जताते हैं। उन्होंने ग्रामीणों की दिनचर्या खराब होने से बचाई है। इससे भविष्य में फायदा ही मिलेगा। - जीवन सिंह नेगी, ग्रामीण भिटारकोट।
- संस्था और फाउंडेशन के अलावा सामाजिक कार्यकर्ता गोविंद सिंह नेगी का भी हम आभार जताते हैं। नेगी गांव के लिए विकास कार्य कराते रहते हैं, देवराड़ गधेरे में पुलिया निर्माण में भी इनका सहयोग रहा। -राजेंद्र सिंह नेगी, उप प्रधान भिटारकोट।