जैंती (अल्मोड़ा)। सीमित परिवार की चाह में जैंती तहसील की एक महिला ने परिवार नियोजन अपनाया लेकिन दस साल बाद उसका बच्चा पैदा हो गया। महिला के पहले से ही चार बच्चे हैं। गरीबी की रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले इस परिवार के सामने अब नए मेहमान के भरण पोषण की समस्या पैदा हो गई है। परिवार ने सरकार से बच्चे का खर्चा उठाने की मांग की है। इसके लिए उन्होंने उपभोक्ता फोरम में जाने की धमकी दी है ।
स्वास्थ्य विभाग प्रचार के माध्यम से लोगों को परिवार नियोजन अपनाने के लिए प्रेरित करता है। जैंती तहसील के मल्ला बिनौला निवासी प्रकाश राम ने 24 दिसंबर 2004 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जैंती में लगे परिवार नियोजन कैंप में अपनी पत्नी का आपरेशन कराया। बीपीएल कार्ड धारक प्रकाश राम के पहले से ही चार बच्चे हैं। घोड़ा चलाकर वह किसी तरह आजीविका चला रहा है। उसने पत्नी का स्वास्थ्य खराब होने पर अस्पताल में उसका स्वास्थ्य परीक्षण कराया। जांच में डाक्टरों ने प्रकाश राम को पत्नी के गर्भवती होने की सूचना दी। बेस अस्पताल अल्मोड़ा में बुधवार रात उसने बच्चे को जन्म दिया।
प्रकाश राम ने परिवार नियोजन में हुई खामी के मामले में सूचना के अधिकार के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जैंती के प्रभारी डा. केसी पंत से जानकारी मांगी तो उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिली। प्रकाश राम ने स्वास्थ्य विभाग से मुआवजा देने की मांग की है। उसका कहना है कि मुआवजा नहीं मिलने पर वह उपभोक्ता फोरम जाएगा।