थला-मुनड़ा मोटर मार्ग से भीताकोट तक सड़क बनाने की मांग को लेकर जसपुर कोट के कटियाखाल में क्रमिक अनशन छठे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को एसडीएम, लोनिवि के एई, जेई, कानून गो, राजस्व उप निरीक्षक अनशनकारियों से वार्ता करने पहुंचे। प्रशासन के अधिकारियों की अनशनकारियों से हुई वार्ता विफल रही। ग्रामीणों ने अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाई। एसडीएम वापस जाओ के नारे लगाए। उन्होंने चार दिन के भीतर मांग पूरी न होने पर चक्काजाम करने की चेतावनी दी।
थला-मुनड़ा मोटर मार्ग से भीताकोट तक सड़क बनाने की मांग को लेकर जसपुर कोट के कटियाखाल में चल रहा क्रमिक अनशन छठे दिन भी जारी रहा। मंगलवार को उप जिलाधिकारी मोनिका, लोक निर्माण विभाग के एई सतनाम सिंह, जेई नफीस अहमद, कानून गो जोगा राम, राजस्व उप निरीक्षक किरन पवार क्रमिक अनशनकारियों से वार्ता करने कटियाखाल पहुंचे। एसडीएम मोनिका ने बताया कि थला-भ्याड़ी-भीताकोट मोटर मार्ग 15 किमी स्वीकृत है। इसके लिए पांच करोड 25 लाख रुपये का शासनादेश भी हो चुका है। वन भूमि हस्तांतरण नहीं होने के कारण मार्ग का काम रुका है। वन भूमि हस्तांतरण होने पर मार्ग का निर्माण शुरू कराया जाएगा। उन्होंने अनशनकारियों से मांग पूरी करने के लिए एक माह का समय मांगा लेकिन अनशनकारी लोनिवि से सड़क कटान करने के लिए अड़े रहे। ग्रामीणों ने कहा कि पीएमजीएसवाई के तहत ही सड़क बनाई जाए।
प्रशासन के अधिकारियों की अनशनकारियों से हुई वार्ता विफल रही। क्रमिक अनशन में गुणानंद ध्यानी, बबली रावत, ममता रावत, सुमित्रा देवी, आशा देवी बैठे। समर्थन में अमित रावत, उमेश चंद्र, गिरीश चंद्र उप्रेती, प्रकाश उप्रेती, सतीश उप्रेती, चंदन सिंह, केशर सिंह, साधों सिंह, रेवती देवी, कौशल्या देवी, गांगुली देवी, शांति देवी, शोभा देवी, हीरा देवी, हंसी देवी, भागा देवी, उमा देवी आदि धरने पर बैठे।