फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अंकपत्रों में कुविवि की गंभीर लापरवाही

Fri, 15 Sep 2017 11:03 PM IST
अल्मोड़ा़, अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
कुमाऊं विवि द्वारा एमएससी सांख्यिकी द्वितीय सेमेस्टर की अंकतालिका में आंतरिक और लिखित परीक्षा में दर्ज बराबर अंक। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
कुमाऊं विश्वविद्यालय की लापरवाही छात्र-छात्राओं पर भारी पड़ रही है। एमएससी (सांख्यिकी) द्वितीय सेमेस्टर के अंकपत्र में आंतरिक मूल्यांकन के अंक ही वाह्य मूल्यांकन (लिखित परीक्षा) के विषयों में चढ़ा दिए गए हैं, जिससे छात्र-छात्राएं परेशान हैं। छात्र-छात्राओं ने परीक्षा नियंत्रक को ज्ञापन भेजकर अंक तालिका दुरुस्त करने और ऐसी लापरवाही करने वाले कार्मिकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। 
विज्ञापन


कुमाऊं विश्वविद्यालय ने एमससी द्वितीय सेमेस्टर (सांख्यिकी) का परीक्षाफल घोषित कर दिया है। आंतरिक मूल्यांकन की लिखित परीक्षा 75 अंकों की होती है। छात्र-छात्राओं ने आंतरिक मूल्यांकन में जो अंक पाए हैं वहीं अंक वाह्य मूल्यांकन (लिखित परीक्षा) में भी दर्ज हैं। विवि की इस लापरवाही के चलते छात्र-छात्राओं को परेशानी उठानी पड़ रही हैं। छात्रों का आरोप है कि सांख्यिकी द्वितीय सेमेस्टर के तृतीय प्रश्न पत्र में प्रश्न संख्या 14 (बी) अपूर्ण था।

इस मुद्दे को भी छात्र-छात्राओं ने विश्वविद्यालय प्रशासन के सम्मुख उठाया था, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। छात्रों का कहना है कि अंकपत्र में की गई त्रुटि के लिए जिम्मेदार कार्मिकों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने जल्द अंकपत्र में सुधार करने की मांग उठाई है। त्रुटियां सही नहीं होने पर उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी है।
विज्ञापन


ज्ञापन भेजने वालों में किशोर सिंह कुमल्टा, हेम चंद्र मिश्रा, ललित मोहन जोशी, भावना अवस्थी, कीर्ति गुप्ता, सुनीता शर्मा, प्रेमा ऐठानी, तनुजा भंडारी आदि शामिल हैं। उधर, कुमाऊं विवि के परीक्षा नियंत्रक भगवान सिंह बिष्ट से इस संबंध में कई बार फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका फोन स्विच ऑफ था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें