केंद्रीय राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के सलाहकार बीपी गणनायक ने कहा कि आपदा राहत कार्यों के संचालन के लिए केंद्र सरकार ने सेवन डेस्क के स्थान पर इंसीडेंट रिस्पांस सिस्टम लागू कर दिया है। इससे आपदा प्रबंधन के दौरान पूरे देश में एकरूपता रहेगी। उन्होंने कहा कि आपदा के न्यूनीकरण और प्रभावी राहत कार्यों के लिए ठोस योजना तैयार करनी जरूरी है।
विकास भवन सभागार में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में गणनायक ने कहा कि आपदाएं प्राकृतिक और मानवजनित घटनाएं हैं। प्रभावी प्रबंधन से इनसे होने वाले नुकसान को कम करके त्वरित राहत और बचाव अभियान चलाकर प्रभावितों की मदद की जा सकती है। योजनाएं तैयार करने में आपदा से पूर्व की तैयारी, खोज, बचाव, राहत कार्यों के संचालन, संसाधनों की उपलब्धता आदि को शामिल किया जाना जरूरी है।
उन्होंने अलग-अलग स्तर पर नोडल अधिकारियों को नामित कर उन्हें दायित्व सौंपने पर जोर दिया। गणनायक ने कहा कि 30 अप्रैल को पूरे प्रदेश में भूकंप की मॉक ड्रिल की जाएगी। कार्यशाला में डीएम सविन बंसल, सीडीओ प्रकाश चंद्र, एसएसपी केएस नगन्याल, एडीएम इला गिरी, पीडी गोविंद पंत, आपदा प्रबंधन अधिकारी राकेश जोशी समेत सभी विभागों के अधिकारी मौजूद थे।