पिलखोली निवासी युवक संजय फर्त्याल हत्याकांड का खुलासा नहीं होने से क्षेत्रवासियों में आक्रोश भड़क उठा है। स्थानीय नागरिकों ने खुलासे की मांग को लेकर यहां संयुक्त मजिस्ट्रेट कार्यालय पर प्रदर्शन किया, चेतावनी दी कि यदि एक हफ्ते के भीतर हत्याकांड का खुलासा नहीं हुआ तो ग्रामीण रानीखेत-हल्द्वानी हाईवे को अवरुद्ध कर आंदोलन शुरू कर देंगे।
बता दें कि बीते 26 मार्च को संजय का सिर कटा शव यहां कमेटपानी के जंगल में बरामद हुआ था।
कमेटपानी जंगल के गधेरे में ग्रामीणों की सूचना पर राजस्व पुलिस को सिर कटा शव बरामद हुआ था। शव पूरी तरह से गल चुका था, कंकाल पर जैकेट और पैंट थी। राजस्व पुलिस ने यहां राजकीय अस्पताल में शव का पोष्टमार्टम कराया और शिनाख्त के लिए शव को अस्पताल में ही रखा गया था।
तीसरे दिन अखबार की सूचना पर पिलखोली से निवासी गंगा देवी पत्नी स्व. धरम सिंह और उनकी पुत्री मनीषा अस्पताल पहुंची। कपड़े के आधार पर उन्होंने शव के अपने पुत्र संजय सिंह फर्त्याल के रूप में शिनाख्त की थी। अब मामले को एक माह का समय होने को है, लेकिन अभी तक राजस्व पुलिस के हाथ खाली हैं। इधर अब ग्रामीणों का आक्रोश सातवें आसमान पर है। ग्रामीणों ने यहां संयुक्त मजिस्ट्रेट कार्यालय पर प्रदर्शन किया। कहा कि हत्याकांड के मामले को लेकर राजस्व पुलिस कतई गंभीर नहीं है। ना ही अभी तक यह मामला रेगुलर पुलिस को हस्तांतरित किया गया है।
ग्रामीणों ने एक हफ्ते बाद रानीखेत-हल्द्वानी हाईवे को अर्वद्ध कर धरना प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है। संपूर्ण कार्यक्रम में मनीषा फर्त्याल, सुनीता फर्त्याल, प्रधान खष्टी देवी, पूर्व प्रधान हरी सिंह नेगी, अंबादत्त पंत, बसपा नेता कृपाल आर्य, मधुली देवी, मोहन सिंह, शेर सिंह, कुंदन सिंह, कृपाल जीना, राम सिंह, भगत सिंह सहित तमाम लोग मौजूद थे।