मौलेखाल (अल्मोड़ा)। स्याल्दे तहसील के मठखानी गांव में रसूखदारों लोगों द्वारा नाप भूमि में बिना अनुमति के सड़क बनाने का मामला प्रकाश में आने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। एसडीएम के निर्देश पर गाजर क्षेत्र के पटवारी सुरेंद्र नेगी मौके पर पहुंचे। पटवारी ने निर्माणाधीन सड़क का काम रुकवा दिया और इस मामले में रिपोर्ट एसडीएम को भेज दी है।
शनिवार को अमर उजाला में मठखानी में वन कानून को ताख पर रखकर काटे चीड़ के पेड़ शीर्षक से खबर प्रमुखता से छपने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया। एसडीएम रजा अब्बास के निर्देश के बाद गाजर क्षेत्र के पटवारी सुरेंद्र नेगी ने घटनास्थल मठखानी पहुंच कर मौका मुआयना किया और सड़क बनाने का काम रुकवा दिया। पटवारी सुरेंद्र नेगी ने बताया कि उन्होंने इस मामले की रिपोर्ट एसडीएम रजा अब्बास को भेज दी है।
उल्लेखनीय है कि कुछ प्रभावशाली लोगों ने वन भूमि की स्वीकृति के बगैर ग्रामीणों की नाप भूमि में चीड़ के दर्जनों पेड़ काट दिए। वन कानून को ताख में रखकर जेसीबी से ग्रामीणों के कई उपजाऊ खेतों को काटकर 200 मीटर सड़क बना डाली। ग्रामीणों ने इसका विरोध किया तो प्रभावशाली लोगों ने उन्हें जान से मारने की धमकी दी।