बयेला-नाड़ मोटर मार्ग का निर्माण कार्य शुरू करने और क्षेत्र की समस्याओं का निराकरण नहीं होने से ग्रामीण आक्रोशित हैं। मांगों को लेकर फल्द्वाड़ी, गवाड़, वयेला के ग्रामीणों ने स्वतंत्रता दिवस को यहां तहसील प्रांगण में उपवास पर रहे। इस दौरान प्रदर्शन भी किया। एसडीएम के माध्यम से डीएम को ज्ञापन भी भेजा गया। मालूम हो कि पूर्व में जनप्रतिनिधियों ने जिलाधिकारी से वार्ता कर 14 अगस्त तक समस्याओं का निराकरण नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी थी।
ग्रामीण 2004 में स्वीकृत बयेला-नाड़, गवाड़-कोटिला-सुरईखेत मोटर मार्ग का निर्माण कार्य शुरू करने, बयेला के तोक तुमड़ी में विद्युतीकरण और नैथना पंपिंग पेयजल योजना से बयेला गांव को जोड़ने, इस योजना से पूर्व में जुड़े गांवों में पेयजल आपूर्ति बहाल करने की मांग को लेकर लंबे समय से संघर्षरत हैं। बीते दो जून 2017 को क्षेत्र में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में इन मांगों को लेकर जिलाधिकारी से जनप्रतिनिधियों की वार्ता हुई थी, जिसमें 14 अगस्त तक मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी गई थी। मांग पूरी नहीं होने से गुस्साए ग्रामीणों ने पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी के नेतृत्व में 15 अगस्त को तहसील पर उपवास रखा और प्रदर्शन किया।
एसडीएम फिंचा राम के माध्यम से जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजकर शीघ्र मांगें पूरी नहीं होने पर बगैर सूचना आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी। प्रदर्शन करने वालों में प्रधान संगठन अध्यक्ष महेश पंत, फल्द्वाड़ी के प्रधान विपिन पंत, गवाड़ के हिम्मत सिंह, बयेेला के प्रधान आनंद पांडे, लाल सिंह बिष्ट, किरन पंत, राधा देवी, जिपंस बचुली देवी, जशोदा बिष्ट, दान सिंह, प्रेम राम, किशन राम, कैलाश पांडेय, ललित राम, चंदन राम आदि मौजूद थे।