अल्मोड़ा। मटेला से सर्किट हाउस टैंक को पानी की आपूर्ति करने वाली पाइप लाइन के सुधारीकरण कार्य के चलते बृहस्पतिवार को शहर के कई मोहल्लों में पानी की आपूर्ति नहीं हुई। इससे करीब 15 हजार से अधिक आबादी को पेयजल संकट से जूझना पड़ा।
मटेला से सर्किट हाउस टैंक को पानी सप्लाई करने वाली 300 एमएम की पेजल लाइन विकास भवन के नीचे गधेरे में फट गई थी। इस स्थान पर काफी मात्रा में पानी लीकेज हो रहा था। लाइन भूमि में काफी अंदर तक दबी थी। जल संस्थान ने बृहस्पतिवार को दिन में 12 बजे से फटी पाइप लाइन के सुधारीकरण का कार्य शुरू किया। खुदाई के बाद फटी हुई पाइप लाइन की वेल्डिंग की गई। सायं तीन बजे लाइन का सुधारीकरण कार्य पूरा हुआ। इस कारण दुगालखोला, पल्टन बाजार, थाना बाजार, नरसिंहबाड़ी, टम्टा मोहल्ला, जौहरी बाजार, खजांची मोहल्ला, हुक्का क्लब, कुंजपुर, डुबकिया आदि इलाकों में पानी की सप्लाई नहीं हो सकी। उधर नरसिंहबाड़ी, आफीसर्स कालोनी समेत अन्य इलाकों में भी पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जल संस्थान के सहायक अभियंता मुकेश कुमार ने बताया कि मुख्य पेयजल लाइन फटने से पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो पा रही थी। लाइन दुरुस्त कर दी गई है। टैंक में पानी भरने के बाद शाम को कुछ इलाकों में पानी की आपूर्ति की गई। शुक्रवार से सर्किट हाउस से जुड़े सभी इलाकों में पानी की सप्लाई सुचारु हो जाएगी।
जिस गांव के नाम पर बनी पेयजल योजना, उसी गांव के लोग महरूम
बागेश्वर। जिला मुख्यालय के नजदीक मेहनरबुंगा में बनी पंपिंग पेयजल योजना से पानी का वितरण न होने पर मेहनरबुंगा के लोगों ने योजना के पंप पर तालाबंदी करने की चेतावनी दी है। इन लोगों का कहना है कि नवनिर्मित योजना से तमाम जगहों को पानी की आपूर्ति की जा रही है लेकिन मेहनरबुंगा के लोगों को पानी नहीं दिया जा रहा है।
मेहनरबुंगा के लोगों ने डीएम, जल संस्थान और पेयजल निगम के ईई को ज्ञापन देकर कहा है कि नवनिर्मित मेहनरबुंगा पेयजल योजना से पुलिस लाइन, ठेला पाटन, डुबकिया को पेयजल आपूर्ति की जा रही है, लेकिन मेहनरबुंगा में पेयजल लाइन बिछने के बाद भी लोगों को पानी नहीं दिया जा रहा है। कहा है कि मेहनरबुंगा के लोगों ने योजना के निर्माण के लिए अपनी नाप जमीन भी दी। बावजूद इसके गांव में पानी की समस्या बनी हुई है।
गांव के लोग एक किमी दूर बागेश्वर-ताकुला रोड पर स्थित माघा धारा से जलापूर्ति कर रहे हैं। लोगों ने घर-घर को पेयजल संयोजन देने के साथ ही पंप हाउस तक कंकरीट मार्ग बनाने की मांग की है। मांग पूरी न होने पर पंप हाउस में तालाबंदी करने के साथ ही आंदोलन की चेतावनी दी। ज्ञापन देने वालों में पूर्व प्रधान रमेश राम, प्रेम राम, श्याम राम, हयात राम, मनोज राम, जीवन लाल, दीपक सिंह बिष्ट, सरस्वती देवी आदि शामिल हैं।
वितरण व्यवस्था ठीक नहीं होने से पानी को तरसे उभ्याड़ी कफड़ा के लोग
द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। विकासखंड तहत उभ्याड़ी और कफड़ा क्षेत्र में संचालित ऐरोली पेयजल योजना में वितरण व्यवस्था ठीक नहीं होने से ग्रामीणों को आए दिन पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। बृहस्पतिवार को क्षेत्र के ग्रामीणों ने ईई को भेजे ज्ञापन में पेयजल व्यवस्था में हो रही परेशानी पर रोष व्यक्त करते हुए विभाग द्वारा रखे गये स्थानीय कर्मचारी को तत्काल हटाने की मांग की है।
उन्होंने कहा कि विभागीय कर्मचारी की लापरवाही के चलते ग्रामीणों को कई दिनों तक पेयजल के लिए तरसना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि संस्थान की ओर से रखे गए कर्मचारी की कार्यप्रणाली ठीक नहीं है। वह नशे में ग्रामीणों से गाली गलौच और अभद्र व्यवहार करता है। कई बार टंकी की सफाई का कार्य भी ग्रामीण स्वयं कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि टंकी में कई तरह के जंगली जीव भी गिरे रहते हैं। अव्यवस्था के चलते ग्रामीण पेयजल के रूप में गंदा पानी पीने को मजबूर हैं। ज्ञापन भेजने वालों में व्यापार संघ अध्यक्ष दिनेश बेलवाल, राजू बिष्ट, मनोहर सिंह, गिरीश भट्ट, अमित शर्मा, गोपाल भट्ट, विनोद आदि के हस्ताक्षर हैं। इधर विभाग द्वारा रखे गए कर्मचारी ने भी अधिशासी अभियंता को पत्र लिखकर ग्रामीणों से जान माल का खतरा बताते हुए अपना इस्तीफा भेज दिया है। उसने पत्र में कहा है कि ग्रामीण पेयजल व्यवस्था को सुचारु नहीं चलने देते हैं। खुद ही पानी खोल देते हैं। इससे परेशानी होती है।