बागेश्वर। पहलगाम हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच हुए विवाद के करीब 20 दिन बाद दोनों देशों के बीच अमेरिका की मध्यस्थता में सीजफायर होने के निर्णय का स्थानीय लोगों और पूर्व सैनिकों ने स्वागत किया है। उनका कहना है कि पाकिस्तान के पीठ पर छुरा घोपने की आदत है इसलिए भारत और सेना को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
बोले पूर्व सैनिक और लोग-
पाकिस्तान ने पहलगाम में निर्दोष पर्यटकों को मारकर कायराना हरकत की थी। भारतीय सेना ने कायर देश पाकिस्तान को इसका सबक सिखा दिया है। भारत से डरकर पाकिस्तान ने हार मान ली है।।
अमेरिका ने भारत और पाकिस्तान के बीच समझौता कराकर सराहनीय कार्य किया है। सीज फायर भारत की शर्तों पर हुआ है। पाकिस्तान दोबारा कोई हिमाकत न करे इस पर ध्यान देने की आवश्यकता है।
भारत के वीर सैनिकों ने हमेशा दुश्मनों का सिर झुकाया है। हमें अपनी देश की सेना पर गर्व है। भारत शांति प्रिय देश है। दोनों देशों के बीच सीजफायर होना अच्छा निर्णय है।
पाकिस्तान ने हमेशा आतंकवाद को बढ़ावा दिया है उस पर बिल्कुल भरोसा नहीं किया जा सकता है। सेना के जवानों को सीमा पर सतर्क रहने की आवश्यकता है। अगर भविष्य में युद्ध की स्थिति पैदा होती है तो मैं सीमा पर जाने को तैयार हूं।
पाकिस्तान हमेशा छोटी और नीच हरकत करता है। सेना ने पाकिस्तान के घमंड को चूर-चूर कर दिया है। उसने भारत से डरकर सीज फायर को स्वीकार किया है।
पाकिस्तान हमेशा सीमा पर छोटी हरकतें करता रहता है। भारतीय सेना उसका मुंहतोड़ जवाब देती है। सही हुआ पाकिस्तान ने सीजफायर को मान लिया। वरना भारत की सेना उसे विश्व के नक्शे से गायब कर देती।
हमें अपनी सेना पर गर्व है भारत के आगे ज्यादा दिनों तक पाकिस्तान टिक नहीं सकता है। इसलिए उसने सीजफायर को स्वीकार किया है। भारतीय सेना ने पूरे पाकिस्तान का सिर झुका दिया है।
सीमा पर देश सेवा के दौरान पाकिस्तान को कई बार घुटनों में बिठाने को मजबूर किया है। भारतीय सेना विश्व की सबसे खतरनाक सेना है सेना का मुकाबला करना पाकिस्तान के बस की बात नहीं है।