अल्मोड़ा। अल्मोड़ा के साथ पिथौरागढ़, बागेश्वर के मरीजों का इलाज करने वाले बेस अस्पताल में खुद अव्यवस्थाओं का अंबार है। अस्पताल में पर्ची काउंटर से लेकर जच्चा-बच्चा वार्ड तक गंदगी फैली है जो स्वच्छता के दावों को फेल साबित कर रही है। चारों तरफ फैली गंदगी से बीमारों के साथ जच्चा-बच्चा में संक्रमण फैलने का खतरा है। इसके बावजूद अस्पताल प्रबंधन इससे अंजान है।
बेस अस्पताल में अल्मोड़ा के साथ पिथौरागढ़, बागेश्वर जिलों से हर रोज 600 से अधिक मरीज पहुंचते हैं। इनमें से 100 से अधिक मरीजों के साथ जच्चा-बच्चा को भर्ती किया जाता है। अस्पताल में फैली गंदगी मरीजों की मुश्किल बढ़ा रही है। मंगलवार को संवाद न्यूज एजेंसी ने बेस अस्पताल में सफाई व्यवस्था पर पड़ताल की। इस दौरान इमरजेंसी वार्ड के शौचालयों से नाली में सीवर बहता मिला। इससे उठने वाली दुर्गंध से मरीज बेहाल हैं। पर्ची काउंटर और भर्ती वार्ड के पास कूड़े का ढेर मिला। जच्चा-बच्चा वार्ड के बाहर पीछे की तरफ बिखरे और सड़ रहे कूड़े से नवजात और प्रसूता में संक्रमण फैलने का खतरा है। संवाद
कूड़े को जलाने से वार्ड में पहुंच रहा है धुआं
अल्मोड़ा। परिसर में कई स्थानों पर फैले कूड़े को जलाया जा रहा है और इससे उठने वाला धुआं वार्ड में पहुंच रहा है। इससे खतरा अधिक बढ़ गया है। खासकर नवजात और प्रसूताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बेस अस्पताल में स्वच्छता व्यवस्था को ठीक करने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द व्यवस्था में सुधार होगा।
डॉ. अजय आर्या, डीन, बेस अस्पताल, अल्मोड़ा।