अल्मोड़ा। कांग्रेस ने कुमाऊं के सांस्कृतिक लोकपर्व हरेला का अवकाश समाप्त करने की निंदा की है। कांग्रेस के शिष्टमंडल ने इसके विरोध में मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन कलक्ट्रेट में जिलाधिकारी को सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया है कि हरेला कुमाऊं का परंपरागत सांस्कृतिक लोकपर्व है। जिसके माध्यम से सदियों से पर्यावरण संरक्षण का संदेश पहुंचता है।
त्योहार की महत्ता को देखते हुए पूर्व में कुमाऊं के सभी विद्यालयों और कार्यालयों में सार्वजनिक अवकाश होता रहा है, लेकिन पिछले दो साल से हरेला पर अवकाश की व्यवस्था समाप्त कर दी है, जो कि कुमाऊं की परंपरागत संस्कृति पर कुठाराघात है।
मांग उठाई कि सरकार अवकाश घोषित न करने के लिए उत्तराखंडवासियों से क्षमा मांगे और इस त्रुटि को सुधारने के लिए आगामी वर्षों के लिए अवकाश की घोषणा करे। शिष्टमंडल में पालिकाध्यक्ष प्रकाश जोशी, पूर्व विधायक मनोज तिवारी, नगर अध्यक्ष पूरन रौतेला, कुंदन भंडारी, दिनेस पिलख्वाल, तारा चंद्र जोशी अशोक रावत, राजीव कर्नाटक, दीपांशु पांडे, संजय दुर्गापाल, रमेश नेगी, डा. प्रमोद कुमार, मदन डांगी, प्रीति बिष्ट, लता तिवारी, हर्ष कनवाल, राधा बिष्ट, वीरेंद्र गैलाकोटी, परितोष जोशी, ललित जलाल, दीप डांगी, अरुण वर्मा, मुकेश नेगी आदि शामिल थे।