गगास नदी से शीघ्र पेयजल योजना बनाने के आश्वासन के बाद ईड़ा, जमिनीवार और जमिनीपार के ग्रामीणों का क्रमिक अनशन फिलहाल खत्म हो गया है। जय मां भगवती ग्राम्य विकास संघर्ष समिति के बैनर तले ग्रामीण पानी की समस्या को लेकर पिछले तीन दिनों से क्रमिक अनशन कर रहे थे। आश्वासन के बाद प्रशासनिक और विभागीय अधिकारियों ने आंदोलन स्थल पर अनशनकारियों को जूस पिलाया।
ईड़ा के सेल्टा देवी मंदिर में सुबह क्रमिक अनशन पर प्रधान दीपक बिष्ट, बालम सिंह, लीला देवी और बसंती देवी बैठे थे। आंदोलनकारियों ने कहा कि ग्रामीण पानी के लिए परेशान हैं, लेकिन विभागीय अधिकारियों के कानों में जूं तक नहीं रेंग रही है। दो किमी की दूरी पर गगास नदी से पेयजल योजना बननी चाहिए, लेकिन 20 किमी दूर रामगंगा नदी से योजना बनाने का क्या औचित्य है।
जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी तब तक वह लोग आंदोलन पर डटे रहेंगे। बाद में वहां जल निगम के एई भारती रावत, तहसीलदार राजेंद्र सिंह नेगी वहां पहुंचे। आंदोलनकारियों से वार्ता हुई।
अधिकारियों ने लिखित रूप में समझौता किया कि शीघ्र ही गगास नदी से योजना बनाई जाएगी। इस पर अनशन समाप्त कर दिया गया। वार्ता में जिला पंचायत सदस्य नीरज कुमार, क्षेत्र पंचायत सदस्य राधिका देवी, प्रधान कौस्तुभ कुमार, दीपक बिष्ट, विपिन चंद्र, बचुली देवी, सरस्वती देवी, महिपाल, जनार्जन पांडेय, अनुली देवी, आदि शामिल थे।