अल्मोड़ा। एक तरफ सेवायोजन कार्यालयों में पंजीकृत बेरोजगारों को रोजगार नहीं मिल रहा है। वहीं बेरोजगारों को समय पर रोजगार शह कौशल विकास भत्ता देने में भी सरकार नाकाम साबित हो रही है।
क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय के पात्र 1338 बेरोजगारों को पिछले एक साल से रोजगार शह कौशल विकास भत्ता नहीं मिला है। बेरोजगारों को इस भत्ते के भुगतान के लिए 1.30 करोड़ रुपये का बजट चाहिए, लेकिन सरकार से यह धन नहीं मिल पा रहा है।
क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय अल्मोड़ा में 27,144 बेरोजगार पंजीकृत हैं। रोजगार कार्यालय में एक वर्ष तक पंजीकरण के बाद रोजगार नहीं मिलने पर प्रदेश सरकार बेरोजगारों को रोजगार शह कौशल विकास भत्ता देती है। इसके लिए आवश्यक है कि अभ्यर्थी के परिवार की वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से अधिक नहीं हो।
भत्ते के लिए अभ्यर्थियों को रोजगार शह कौशल विकास भत्ता आवेदन पत्र भरना होता है। इसके बाद रोजगार कार्यालयों के माध्यम से बेरोजगार अभ्यर्थियों को रोजगार शह कौशल विकास भत्ता स्वीकृत किया जाता है। इंटर उत्तीर्ण अभ्यर्थी को 750 रुपये, स्नातक को एक हजार और स्नातकोत्तर को 1500 रुपये प्रतिमाह भत्ता स्वीकृत होता है।
अल्मोड़ा सेवायोजन कार्यालय में फरवरी तक 1338 अभ्यर्थी भत्ते के लिए पात्र हैं। इनमें 760 पुरुष और 578 महिलाएं हैं। इंटरमीडिएट उत्तीर्ण 421, स्नातक 471 और स्नातकोत्तर 446 अभ्यर्थियों हैं। इन अभ्यर्थियों को मार्च 2015 से भत्ता सरकार नहीं दे सकी है।
भत्ता नहीं मिलने से बेरोजगार अभ्यर्थी आर्थिक दिक्कतों से जूझने को मजबूर हैं। क्षेत्रीय सेवायोजन अधिकारी एलएस बिष्ट ने बताया कि रोजगार शह कौशल विकास भत्ता मद में शासन से 1.30 करोड़ की मांग की गई है। बजट मिलने के बाद भत्ते का भुगतान अभ्यर्थियों को किया जाएगा।