बंदरों के आतंक से लोगों को जल्द छुटकारा मिलने की उम्मीद है। एनटीडी में बंदरों के बधियाकरण करने की 70.79 लाख की योजना में वन विभाग ने बंदरों की नसबंदी के लिए उपकरण खरीदने के आदेश दे दिए हैं। जिसके बाद उम्मीद है कि अगले माह तक बंदरों के बधियाकरण का काम शुरू हो जाएगा।
मालूम हो कि अल्मोड़ा में लंबे समय से बंदरों का आतंक है। बंदरों की बढ़ती आबादी के कारण आम लोगों के साथ-साथ स्कूली बच्चे भी परेशान हैं। पूर्व में बंदरों को पकड़ने के लिए वन विभाग और पालिका ने अभियान भी चलाया था। जिसमें कुछ बंदरों को पकड़ा भी गया था, लेकिन शहर में बंदरों का आतंक कम नहीं हुआ।
इधर बंदरों की बढ़ती समस्या को देखते हुए सिविल सोयम विभाग बंदरों की नसबंदी की योजना के लिए काफी समय से प्रयास कर रहा था। आतंक मचा रहे बंदरों से निजात दिलाने के लिए 70.79 लाख की इस योजना में एनटीडी में बंदरों के बधियाकरण के लिए काम शुरू करने के लिए पूर्व में टेंडर भी निकाले जा चुके थे, लेकिन प्रक्रिया पूर्ण नहीं हो पाने के कारण यह काम रुका हुआ था। अब टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और पैसा आ जाने के बाद सिविल सोयम वन प्रभाग बंदरों की नसबंदी के लिए उपकरण खरीदने की तैयारी कर रहा है। वन विभाग सिविल सोयम के डीएफओ आरसी शर्मा ने बताया कि बंदरों के बधियाकरण के लिए पैसा आ चुका है, उपकरण खरीदने के लिए आदेश दे दिए गए हैं। बधियाकरण का कार्य 15 जून तक शुरू कर दिया जाएगा।