अल्मोड़ा जिले की जैतोली, सौला, महरखोला, बिल्लेख, कालाखेत, उगलिया, मछोड़, देवलीखेत, दूणी, पस्तौड़ा, पीपली, तिपौला, थलामनराल, भटकोट, दुधोली, टोड़रा, खोलियाबांज, तिमिला, पपनै कोठार सहित 19 दुग्ध उत्पादक समितियों को डाटा प्रोसेसिंग मिल्क कलेक्शन यूनिट से जोड़ा जा रहा है।
जिला योजना के तहत मिली 72 हजार की लागत की इस यूनिट के लगने से उत्पादकों को दुग्ध संग्रह के समय ही फैट एसएनएफ, दुग्ध मूल्य का पता चल जाएगा।
साथ ही उत्पादक को उस दिन की रसीद भी हाथों हाथ मिल जाएगी। यह बात लौकोट दुग्ध उत्पादक समिति में लगे डीपीएमसीयू के संचालन के अवसर पर दुग्ध संघ के प्रधान प्रबंधक एनबी सनवाल, प्रभारी उपार्जन वीरेंद्र सिंह बिष्ट ने उत्पादकों को बताई।
वहां दुग्ध समिति के अध्यक्ष खीम सिंह रावत क्षेत्र पर्यवेक्षक हेमा वर्मा समिति के सचिव नंदन सिंह नेगी दुग्ध, उत्पादक कैलाश करगेती, भुवन चंद्र भगत सिंह सहित काफी संख्या में उत्पादक मौजूद थे।