थल सेना के ईएमई कोर अंबाला में कार्यरत बेड़चूला निवासी मनोहर सिंह नयाल की ड्यूटी के दौरान शहीद हो गए। सेना की टुकड़ी तिरंगे में लिपटे जवान मनोहर सिंह नयाल के शव को लेकर शनिवार को बेड़चूला पहुंची। मनोहर का शव पहुंचने पर घर में कोहराम मच गया। शनिवार को सैनिक सम्मान के साथ स्थानीय श्मशान घाट में सैनिक की अंत्येष्टि की गई।
सर्वोदय इंटर कालेज जयंती से सेवानिवृत्त हिंदी प्रवक्ता बेड़चूला निवासी प्रेम सिंह नयाल के छोटे पुत्र मनोहर सिंह नयाल (34) थल सेना के ईएमई कोर अंबाला में कार्यरत थे। परिजनों के मुताबिक गुरुवार की शाम को ड्यूटी के दौरान मनोहर सिंह के सीने में दर्द उठा। उनको आर्मी के अस्पताल में ले जाया गया जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृतक घोषित कर दिया है। बेटे की मौत की सूचना मिलने पर नयाल परिवार में कोहराम मच गया। शनिवार की सुबह सेना की टुकड़ी ताबूत में तिरंगे में लिपटे मनोहर सिंह नयाल के शव को लेकर उसके पैतृक गांव बेड़चूला पहुंची। ताबूत में जवान बेटे का शव देखकर माता पिता होश खो बैठे। वहीं जवान की पत्नी पुष्पा देवी भी बेसुध है। मृतक जवान मनोहर सिंह के दो छोटे बच्चे हैं। बेटा विनय (11) और बेटी तान्या (04) है।
मनोहर मिलन सार और मृदुभाषी थे। उनकी मौत की खबर सुनकर गांव का हर कोई व्यक्ति दुखी है। शनिवार को स्थानीय श्मशान घाट में उनकी सैन्य सम्मान के साथ अंत्येष्टि कर दी गई। पिता प्रेम सिंह नयाल ने पुत्र की चिता को मुखाग्नि दी। विधानसभा अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल, जिला पंचायत सदस्य दिनेश कुंजवाल, पूर्व जिला पंचायत सदस्य श्याम नारायण पांडे, भाजपा नेता सुभाष पांडे ने सैनिक की मृत्यु पर शोक जताया है।