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Almora News: ताड़ीखेत में तीन योजनाएं, फिर भी 20 गांवों के आठ हजार लोग परेशान

Thu, 23 Nov 2023 11:26 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अल्मोड़ा
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फोटो- 23 एएलएम 17 पी-  ताड़ीखेत में प्राकृतिक स्रोत में पानी के लिए अपनी बारी का इंतजार करते लो
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रानीखेत (अल्मोड़ा)। ताड़ीखेत विकासखंड मुख्यालय सहित आसपास के गांवों की प्यास बुझाने के लिए तीन पेयजल योजनाएं बनाई गईं हैं। इसके बावजूद यहां जल संकट गहरा गया है। नलों में पानी की बूंद न टपकने से 20 गांवों के लोग प्राकृतिक जल स्रोतों की दौड़ लगाने के लिए मजबूर हैं। भीड़ अधिक होने के कारण वहां भी लाइन लग रही है और कुछ लीटर पानी के लिए लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है।
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ताड़ीखेत विकासखंड मुख्यालय सहित सिमोली, पथुली, थकुलाड़ी, गैरड़, पपना सहित 20 गांवों की आठ हजार से अधिक की आबादी की प्यास बुझाने के लिए ताड़ीखेत-गगास, ऋषिगाड़, चिलियानौला पेयजल योजना का निर्माण किया गया है। ऋषिगाड़ योजना क्षतिग्रस्त है तो गगास और चिलियानौला से पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। दोनों योजनाओं से सिर्फ 10 से 15 मिनट ही लोगों को पानी मिल रहा है जो उनके लिए पर्याप्त नहीं है। ऐसे में क्षेत्र में जल संकट गहरा गया है।
मजबूर होकर लोग ठंड में प्राकृतिक जल स्रोतों से पानी ढो रहे हैं। जल स्रोतों में भीड़ अधिक जुटने से लोगों को अपनी बारी का घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। तब जाकर पानी की व्यवस्था हो रही है। 15 दिन से अधिक समय बाद भी व्यवस्था में सुधार न होने पर लोगों में खासा आक्रोश है। उन्होंने जल्द पेयजल आपूर्ति सुचारू न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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बोले लोग
जल संस्थान को योजना को जल्द ठीक कर लोगों को राहत देनी चाहिए। अगर ऋषिगाड़ पेयजल योजना को जल्द ठीक नहीं किया गया तो आंदोलन होगा। - गोपाल सिंह अधिकारी, अध्यक्ष, ताड़ीखेत विकास संघर्ष समिति।

उपभोक्ताओं को पर्याप्त पानी न मिलना दुर्भाग्यपूर्ण है। तीन योजनाओं के बाद भी कई गांवों में रहने वाले लोगों को पानी के लिए जूझना पड़ रहा है। हर घर नल से जल पहुंचाने के दावे अधूरे हैं। - पूरन चंद्र कांडपाल, ताड़ीखेत।

ताड़ीखेत में चिलियानौला और ऋषिगाड़ योजना से पेयजल आपूर्ति होती है। ऋषिगाड़ योजना की लाइन पुरानी हो चुकी है। इस योजना को जल्द सुधारने के प्रयास हो रहे हैं। - संदीप कुमार, जेई, जल संस्थान, चिलियानौला।
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