उरेडा के संयोजन में विकास भवन में हुई ऊर्जा संरक्षण कार्यशाला में जिलाधिकारी डा. आशीष कुमार श्रीवास्तव ने सरकारी कार्यालयों और अन्य संस्थानों में एलईडी बल्बों का अधिक से अधिक प्रयोग करने पर जोर दिया है।
उन्होंने ग्लोबल वार्मिंग और पर्यावरण प्रदूषण के प्रभावों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि कार्यालयों सहित अन्य संस्थानों में ट्यूब लाइट, सीएफए, बल्बों के स्थान पर एलईडी बल्बों का अधिक से अधिक प्रयोग करें, ताकि वातावरण स्वच्छ रहे और बिजली की खपत भी कम हो। उन्होंने कहा कि कार्बन उत्सर्जन और विषैली गैसों से पर्यावरण को नुकसान हो रहा है। उन्होंने सौर तापन प्रणाली, ऊर्जा दक्ष वॉल स्ट्रीट लाइटों के उपयोग पर जोर दिया।
उरेडा के वरिष्ठ परियोजना अधिकारी आरसी पांडे ने ऊर्जा संरक्षण उपायों और कार्यशाला के उद्देश्यों के बारे में जानकारी दी। अवर अभियंता पीएस रावत, एसएलटी एनर्जी के धर्मेंद्र सिंह नेगी, हरीश कुमार उनियाल ने भी विचार रखे। कार्यशाला में डीडीओ डीडी पंत के अलावा जिला स्तरीय अधिकारी और बीडीओ मौजूद थे।