अल्मोड़ा। अंतरराज्यीय सार्वजनिक वाहनों का संचालन 100 प्रतिशत सवारी के साथ करने की छूट मिलने के बाद 40 दिन से खड़ी केमू बसों के पहिये बृहस्पतिवार को घूमे। कुमाऊं मंडल में 10 फीसदी वाहनों का ही संचालन हुआ। पूर्ववत किराये पर ही बसें चलने से यात्रियों को बड़ी राहत मिली। पहले दिन केमू को सामान्य दिनों की अपेक्षा यात्री कम मिले। जिस कारण कम बसें ही संचालित हुईं।
दो मई से पहाड़ की 125 रूटों पर केमू की 350 बसों का संचालन बंद हो गया था। बसें नहीं चलने से यात्रियों को काफी दिक्कतों से जूझना पड़ रहा था। अंतरराज्यीय सार्वजनिक वाहनों का संचालन 100 प्रतिशत सवारी के साथ करने की एसओपी जारी होने के बाद केमू प्रबंधन ने बृहस्पतिवार को 40 दिनों से खड़ी केमू बसों का संचालन शुरू कर दिया है।
बेमियादी हड़ताल खत्म होने के बाद बृहस्पतिवार को केमू की दो बसें अल्मोड़ा-बागेश्वर वाया ताकुला, दो बसें अल्मोड़ा-बागेश्वर वाया गरुड़, एक बस अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ के लिए संचालित हुई। ये सभी बसें हल्द्वानी से चलीं और अल्मोड़ा केमू स्टेशन में कुछ देर रुक कर गंतव्य को रवाना हुईं। केमू के अधिशासी निदेशक हिम्मत सिंह नयाल ने बताया कि पहले दिन बसों को बहुत कम यात्री मिले। जिस कारण 10 फीसदी बसों का ही संचालन हो सका। यात्रियों की संख्या बढ़ने पर रूटों पर बसों की संख्या बढ़ाई जाएगी। अल्मोड़ा केमू स्टेशन में केमू की बस से पहुंचे यात्रियों ने बातचीत में कहा कि बसें चलने से बड़ी राहत मिली है।