द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। बिपिन त्रिपाठी कुमाऊं इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (बीटीकेआईटी) में उत्तराखंड विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान केंद्र देहरादून के सहयोग से पांच दिवसीय ऑनलाइन वर्कशाप आयोजित की जा रही है। आईओटी (इंटरनेट ऑफ थिंग्स) विषय पर आयोजित यह वर्कशाप 25 सितंबर तक चलेगी। इसके लिए देशभर से 550 प्रतिभागियों ने पंजीकरण कराया है।
पहले दिन सर्किल मैपिंग के विशेषज्ञ शिव प्रकाश कक्कड़ और गौरव राका ने आईओटी की महत्ता पर जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आधुनिक समाज के परिदृश्य में हर आवश्यकता के लिए तकनीक पराकाष्ठा की ओर अग्रसर है। रिमोट से सभी चीजें नियंत्रित करने से लेकर सेल्फ ड्राइविंग तक सभी कार्य आईओटी पर निर्भर हैं। उन्होंने कहा कि यदि हम स्वयं को अपडेट रखना चाहते हैं तो प्रौद्योगिकी के लिए जागरूक रहें।
उन्होंने कहा कि कोविड-19 महामारी के पश्चात सभी को तकनीक एवं प्रौद्योगिकी की महत्ता का अनुभव हुआ है। प्रत्येक क्षेत्र में आईओटी बहुत महत्वपूर्ण है। यह वह तकनीक है जो हमें हर चीज के लिए खुद को इंटरनेट से जोड़कर स्मार्ट बनाने में मदद करती है वर्तमान में हर काम के लिए हम इंटरनेट पर निर्भर हैं। वर्कशाप में निदेशक प्रोफेसर बीएम मिश्रा, विभागाध्यक्ष प्रो.अजीत सिंह, संयोजक डॉ. आरके भारती, सह संयोजक डॉ. अर्चना वर्मा सहित सभी शिक्षक और कर्मचारी उपस्थित थे।