प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत हुए साक्षात्कार से वंचित होने और ऋण के लिए आवेदन पत्र जमा नहीं होने पर सल्ट क्षेत्र से पहुंचे युवक भड़क गए। इनमें सल्ट क्षेत्र के जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत भी शामिल थे। युवकों ने श्री रावत के नेतृत्व में कलक्ट्रेट में नारेबाजी शुरू कर दी और धरने पर बैठ गए। बाद में सीडीओ प्रकाश चंद्र से वार्ता के बाद मामला शांत हुआ। सीडीओ ने उन्हें इसी माह भिकियासैंण में शिविर लगाकर आवेदन पत्र जमा कराने का आश्वासन दिया है।
प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के तहत विभिन्न उद्यम स्थापित करने के लिए शनिवार को बेरोजगार युवकों का साक्षात्कार चल रहा था। साक्षात्कार का समय पूर्वाराह्न 11 से एक बजे तक निर्धारित था। जिले के दूरस्थ सल्ट से करीब आधा दर्जन युवक साक्षात्कार देने आए थे, लेकिन निर्धारित समय पर नहीं पहुंचने पर चयनकर्ताओं ने उनका साक्षात्कार लेने से मना कर दिया। युवकों ने बताया कि वह 180 किमी दूर सल्ट से पहुंचे हैं। साक्षात्कार कराने का अनुरोध किया, लेकिन चयनकर्ताओं ने मना कर दिया। इससे नाराज युवक कलक्ट्रेट परिसर में ही धरने पर बैठ गए।
इस मौके पर हुई सभा में वक्ताओं ने आरोप लगाया कि जिला उद्योग केंद्र की महाप्रबंधक ने साक्षात्कार के दिन ही आवेदन पत्र जमा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन न तो आवेदन पत्र जमा किए और न ही साक्षात्कार ही लिया गया। बाद में युवकों का शिष्टमंडल सीडीओ प्रकाश चंद्र से मिला और उनसे आवेदन पत्र जमा करवाने का आग्रह किया।
जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत ने बताया कि सीडीओ ने जनवरी में भिकियासैंण में शिविर लगा कर आवेदन पत्र जमा करवाने का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि यदि जनवरी में शिविर नहीं लगाया गया तो फरवरी से चरणबद्ध आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा। धरने पर जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत, बंटी चौधरी, संदीप कुमार, वीएस राणा, आनंद बल्लभ, सुनीता भट्ट आदि बैठे।