स्याल्दे (अल्मोड़ा)। स्याल्दे विकासखंड के 25 से अधिक गांवों में तेंदुए की धमक से ग्रामीणों में खौफ बढ़ गया है। हालात यह है कि कैहड़गांव, तामाढौन, वल्मरा, जसपुर, पैठाना, तिमली, खटलगांव और चचरोटी में तेंदुआ दिन के समय गांवों के मुख्य रास्तों और घरों के आसपास दिखाई दे रहा है। तेंदुओं की बढ़ती सक्रियता से अभिभावक भी अपने बच्चों को स्कूल भेजने में कतरा रहे हैं। वहीं शाम होते ही लोग घरों के भीतर कैद होने को मजबूर हैं। तेंदुए के खौफ से निजात पाने के लिए अब ग्रामीण भी वन विभाग की टीम के साथ गश्त कर रहे हैं। जौरासी रेंज के रेंजर आशुतोष जोशी ने कहा कि आबादी के पास लंबे समय से उगी झाड़ियां वन्यजीवों के लिए छिपने का सुरक्षित ठिकाना बन रही हैं। उन्होंने ग्रामीणों से गांवों और घरों के आसपास झाड़ियों की कटाई करने की अपील की है। कहा कि प्रभावित क्षेत्रों में तेंदुओं को पकड़ने के लिए पिंजरे लगाए गए हैं और वन विभाग का टीम लगातार गश्त कर रही है।