फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शासन ने अति संवेदनशील दो गांवों के नाम मांगे 

Fri, 16 Jun 2017 10:17 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो  अल्मोड़ा।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस बरसात में भी जिले के आपदा प्रभावित 14 गांवों के 242 परिवारों की परेशानी दूर नहीं होगी। प्रभावित परिवारों के लिए जिला प्रशासन गांवों के पास सुरक्षित स्थानों पर भूमि चयन कर कई बार प्रस्ताव शासन को भेज चुका है, लेकिन प्रदेश और केंद्र सरकार सालों बाद भी प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर विस्थापित नहीं कर सके हैं। इधर, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने गत दिवस अब नए सिरे से प्रत्येक जिले से दो अत्यधिक संवेदनशील गांवों के प्रभावित परिवारों की सूची तलब की है।
विज्ञापन


 आपदा की दृष्टि से जिले के कई गांव काफी संवेदनशील हैं। वर्ष 2010 में जिले में आपदा आने से विभिन्न स्थानों पर 36 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि सैकड़ों की संख्या में जानवर मारे गए थे। कई गांव भूस्खलन की चपेट में आए थे। अल्मोड़ा तहसील के अंतर्गत ग्राम पंचायत भैंसियाछाना के तोकत खैरखेत में छह, बूढ़ाधार के 50 परिवारों के अलावा अन्य ब्लॉकों में ग्राम पंचायत बल्टा के 28, बल्टाबाड़ी के चार, सिराड़ के 14, देवली के छह, भूल्यूड़ा के चार, मालता के तीन, बजेठी के 10 परिवार आपदा प्रभावित हैं।

साल बाद 2013 में आपदा से जिले में एक बार फिर कई स्थानों पर जबर्दस्त नुकसान हुआ। अल्मोड़ा तहसील के ल्वेटा में 15 परिवार, थालागूंठ में नौ परिवार, सल्ट तहसील के रडगाड़ के छह, पनुवाद्योखन के 14 चौखुटिया के बसरखेत के 13, रानीखेत तहसील में इंद्रा बस्ती के 42 परिवारों के मकान भूस्खलन की चपेट में आए। इन परिवारों की पंचायत घरों, स्कूलों और किराए के मकानों में रहना मजबूरी है। प्रशासन इन गांवों के पास ही आपदा प्रभावित परिवारों के लिए भूमि चयनित कर प्रस्ताव शासन को भेज चुका है। प्रभावित परिवारों के लोग विस्थापन की मांग को लेकर कई बार आंदोलन भी कर चुके हैं, लेकिन कहीं कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
विज्ञापन


बीते दिवस सीएम ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये प्रथम चरण में प्रत्येक जिले से प्राथमिकता से आपदा प्रभावित दो अत्यधिक संवेदनशील गांवों के नाम उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। सीएम के निर्देश पर शासन को पुन: पत्रावली भेजी जाएगी। प्रशासन ने पूर्व में ही आपदा प्रभावित परिवारों के विस्थापन के लिए तहसीलों के माध्यम से भूमि चयनित कर प्रस्ताव शासन को भेजी है। 
विज्ञापन

- राकेश जोशी, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी, अल्मोड़ा। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें