सेराघाट के सरयू तथा जैगन नदियों इस तरह फेका जा रहा हैं कूड़ा। संवाद
धौलछीना (अल्मोड़ा)। सेराघाट में जीवनदायिनी सरयू नदी के किनारे कई स्थानों पर खुलेआम कूड़ा डाला जा रहा है जो नदी में समा रहा है। यहां नदी किनारे लगा कूड़े का ढेर स्वच्छ भारत अभियान की पोल खोल रहा है।
सेराघाट पुल से च्येटी तक सरयू नदी किनारे कई स्थानों पर लगे कूड़े के ढेर लगे हैं। इससे नदी दूषित हो रही है और इससे उठने वाली दुर्गंध से लोग परेशान हैं। इससे चिंतित स्थानीय लोगों और व्यापारियों ने सफाई कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि घर-घर कूड़ेदान बांटने के बावजूद यहां हो रहा जल प्रदूषण रोका जाना चाहिए। सेराघाट के पास बहने वाली जैगन नदी भी लोगों और प्रशासन की लापरवाही से दूषित हो रही है। इस नदी के किनारे भी खुलेआम कूड़ा फेंका जा रहा है जो बारिश में बहकर नदी में समा रहा है। बूड़ाधार से बहने वाले च्येटी गधेरे का भी यही हाल है। इस गधेरे में फेंका जाने वाला कूड़ा भी सरयू में जा रहा है।
हर माह बाजार की सफाई कराई जाती है। बजट न होने से नियमित सफाई कर्मचारी रखना संभव नहीं है। बाजार में स्थापित कूड़ेदान के भर जाने के बाद इसे हटाया गया है। इससे जाम भी लग रहा था। - प्रमोद पांडे, अध्यक्ष, व्यापार मंडल, सेराघाट।
नदी में कूड़ा डालना गंभीर मामला है। मामले की जांच के लिए टीम मौके पर भेजी जाएगी। ऐसा करने वालों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - गोपाल चौहान, एसडीएम, सदर (अल्मोड़ा)।