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गगास नदी के संवर्धन को लेकर अमर उजाला की पदयात्रा आज से, तैयारियां पूरी

Sun, 21 May 2017 10:37 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। 
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सदाबहानी गगास नदी के संवर्धन को लेकर अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से दो दिवसीय पद यात्रा सोमवार से शुरू होगी। इसकी सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। पदयात्रा सुबह नौ बजे नदी के उद्गम स्थल कुकुछिना स्थित गर्ग मुनि आश्रम से शुरू होगी। जल पुरुष के नाम से विख्यात मैगसायसाय पुरस्कार प्राप्त राजेंद्र सिंह भी यात्रा में शिरकत करेंगे। इस मुहिम को स्थानीय नागरिकों, स्कूली बच्चों का भरपूर समर्थन मिल रहा है। 
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तमाम कारणों के चलते नदी का जल स्तर निरंतर गिर रहा है। गगास नदी का जल स्तर गिरने से वह अंतिम सांसें गिन रही है। नदी से रानीखेत, द्वाराहाट क्षेत्र के लिए जहां छह बड़ी पेयजल योजनाएं संचालित हो रही हैं, वहीं क्षेत्र के किसान सिंचाई के लिए भी इसी नदी पर निर्भर हैं, लेकिन पिछले 12 साल से नदी का प्रवाह कम हो गया है। जंगल खत्म हो रहे हैं, पूर्व में बनाए गए चाल-खाल सूख रहे हैं।

बांज के जंगल के स्थान पर चीड़ के वन विकसित हो गए हैं, नदी के सहायक गाड़ गधेरे सूख चुके हैं। नदी बचाने को लेकर अमर उजाला फाउंडेशन ने मुहिम चलाई है, इस मुहिम को क्षेत्रवासियों का समर्थन मिल रहा है, पिछले कई दिनों से चल रहे अभियान के तहत स्थानीय महिलाओं, स्कूली बच्चों ने नदी बचाने का संकल्प लिया है। इसी के तहत अमर उजाला का कल 22 मई से नदी बचाओ पदयात्रा अभियान शुरू होगा।
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सुबह नौ बजे नदी के उद्गम स्थल पांडवखोली की तलहटी स्थित गर्ग मुनि आश्रम से पदयात्रा शुरू होगी, जबकि रात्रि विश्राम बूढ़ा सुरना गांव में होगा। जल पुरुष के नाम से विख्यात मैगसायसाय पुरस्कार प्राप्त राजेंद्र सिंह भी पदयात्रा में शामिल होकर लोगों को जागरूक करेंगे। इसके लिए अमर उजाला की टीम यहां पहुंच गई है। द्वितीय चरण की पदयात्रा का राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त पद्मश्री अनिल जोशी के नेतृत्व में शुरू होगी।

इस दौरान जनहित, सामाजिक हितों के मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रही विभूतियां भी इस यात्रा में शामिल होंगी। यात्रा का उद्देश्य है कि नदी के उद्गम स्थल के समीपवर्ती ग्रामीणों को जागरूक करना, उद्गम स्थलों पर जल संचय वाले पौधों का रोपण, चाल, खाल बनाना, ग्रामीणों का लगाव सीधे जंगल से कराना है। जंगलों में हरियाली आएगी तो नमी बढ़ेगी, गाड़, गधेरे रिचार्ज होंगे। क्षेत्र की महिलाओं ने खासकर नदी को बचाने का अब संकल्प ले लिया है। इधर अमर उजाला फाउंडेशन की टीम ने पद यात्रा की तैयारियों को लेकर क्षेत्र का विस्तृत जायजा लिया। 

पदयात्रा से नदी बचाने को जनसमर्थन जुटाएगी
 गगास नदी बचाओ पदयात्रा उद्गम स्थल से शुरू होकर खोलियाबांज, नायल, सुरना, बूढ़ा सुरना पहुंचकर गांवों में जनजागरण करेगी। गगास नदी के संवर्धन के लिए क्षेत्र में व्यापक जनसमर्थन भी जुटाएगी।
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