बागेश्वर। चुनाव की सुगबुगाहट के बीच कपकोट में विकास कार्यों और बजट को लेकर जुबानी जंग छिड़ गई है। पूर्व विधायक और भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष शेर सिंह गढ़िया ने क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों के दावों की हवा निकालते हुए बड़ा तंज कसा है। उन्होंने कहा कि कपकोट के विकास का पैसा धरातल पर दिखने के बजाय उफनती सरयू नदी में बहकर सीधे टनकपुर पहुंच रहा है।
सड़क आंदोलन के मंच और मीडिया से बातचीत के दौरान गढ़िया के तेवर बेहद तल्ख नजर आए। उन्होंने कहा कि आखिर यह कौन सा विकास है, जिसमें बोरों के हिसाब से पैसा तो आता है, लेकिन बरसात आते ही सारा बजट बहकर शारदा और सरयू के पानी के साथ बह जाता है। उन्होंने क्षेत्र की जनता से सवाल किया कि क्या कपकोट के लोग इस तरह के खोखले विकास को स्वीकार करेंगे। उन्होंने पूर्व सीएम समेत क्षेत्र के तमाम पूर्व और वर्तमान विधायकों की कार्यप्रणाली की समीक्षा करने की पुरजोर मांग उठाई। उन्होंने खुली चुनौती देते हुए कहा कि लोकतंत्र में जनप्रतिनिधियों के काम का हिसाब-किताब होना चाहिए। उन्होंने अमेरिका की तर्ज पर कपकोट के विकास को लेकर चौराहे पर सार्वजनिक डिबेट कराने की वकालत की, ताकि जनता के सामने दूध का दूध और पानी का पानी हो सके। गढ़िया के इस बयान के बाद कपकोट की राजनीति का पारा चढ़ गया है।
.......कोट
कपकोट के विकास के लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ी जा रही है। सड़क, बिजली, पानी, संचार सेवाओं को मजबूत किया जा रहा है। जो लोग मंचों से आरोप लगा रहे हैं उन्हें सच्चे जागरूक नागरिक होने के नाते विकास कार्यों की धरातल पर मॉनिटरिंग करनी चाहिए। और जहां पर कार्य गलत हो रहे हैं उसे सही करवाना चाहिए।
...........सुरेश गढ़िया, विधायक, कपकोट।
......कोट
पूर्व विधायक और जिलाध्यक्ष गढि़या पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं उनकी ओर से दिए गए बयानों की अभी जानकारी नहीं है। सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो का अवलोकन किया जाएगा। पार्टी में किसी भी प्रकार की गुटबाजी नहीं है। सभी कार्यकर्ता एकजुट होकर कार्य करेंगे।
.......प्रभा गढि़या, जिलाध्यक्ष, भाजपा