अल्मोड़ा। दि नैनीताल बैंक लिमिटेड की एलआर साह रोड शाखा और शाखा प्रबंधक के खिलाफ धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के आरोप में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के आदेश पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चितई के मन्योली निवासी रोहित डालाकोटी ने न्यायालय में दिए प्रार्थना पत्र दिया जिसमें कहा कि उनका नैनीताल बैंक के एलआरसाह रोड शाखा में कैश-क्रेडिट ऋण खाता संचालित है। जून 2025 में बैंक की ओर से भेजे गए नोटिस के माध्यम से उन्हें खाते के एनपीए होने की जानकारी मिली। इसके बाद जब उन्होंने खाते की विवरणी निकाली तो पता चला कि सात मार्च 2024 को उनके खाते से 2.67 लाख रुपये किसी अन्य खाते में ट्रांसफर किए गए हैं। यह ट्रांसफर उनकी सहमति के बिना किया गया और बैंक को इस संबंध में कोई हस्ताक्षरित दस्तावेज भी उपलब्ध नहीं कराया गया था।
बाद में बैंक से संबंधित बाउचर की प्रति प्राप्त करने पर उन्हें उसमें किए गए हस्ताक्षर भी फर्जी प्रतीत हुए। कहा कि बैंक और कर्मचारियों ने मिलीभगत कर फर्जी बाउचर तैयार कर उनके खाते से धनराशि निकाल ली। प्रार्थना पत्र में कहा गया है कि उक्त राशि पर ब्याज का अतिरिक्त बोझ भी उन पर डाला गया और बाद में खाते को एनपीए घोषित कर दिया गया। मामले में बैंक प्रबंधन को विधिक नोटिस भेजने के बावजूद कोई जवाब नहीं मिला। वहीं पुलिस ने भी शिकायत की लेकिन अब कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई। ऐसे में उन्होंने न्यायालय में प्रार्थना पत्र दिया। न्यायालय के आदेश के बाद अब अल्मोड़ा कोतवाली पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।