मासी में भीषण आग लगने से एक भवन पूरी तरह से जलकर राख हो गया है। भवन में गोविंद सिंह की दो दुकानें भी थीं जबकि दुकान के ऊपरी मंजिल में उनका परिवार रहता था। इस अग्निकांड में दुकान और घर के सारे सामान के अलावा जेवरात, नकदी सहित सभी जरूरी कागजात आदि भी आग की भेंट चढ़ गए हैं। भवन स्वामी द्वारा डेढ़ करोड़ से अधिक के नुकसान की बात कही गई है। घटना के बाद बेघर हुआ परिवार भारी सदमे में है। एसडीएम आरके पांडे ने मौका मुआयना कर नुकसान का जायजा लिया।
मासी में गोविंद सिंह पुत्र स्व. गंगासिंह की हार्डवेयर, कॉस्मेटिक और मोबाइल की दो दुकानें हैं। उनका परिवार दुकान के ऊपरी मंजिल में रहता है। मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार को देर रात करीब बारह बजे उनके दुकान में आग लग गई जो पूरे भवन में फैल गई।
इस मकान के ठीक सामने रहने वाले नवीन मासीवाल ने मकान को आग की लपटों से घिरा देखकर शोर मचाते हुए सभी लोगों को जगाया। इसी बीच करीब एक बजे दुकान के ऊपर सोये गोविंद सिंह, उनकी पत्नी नीता देवी और बेटा मोहित भी जाग गए। इस समय तक आग विकराल रूप ले चुकी थी कि वे बड़ी मुश्किल से किसी तरह बाहर आए। उन्हें जरूरी कागजात, नकदी और जेवरात आदि लाने का मौका भी नहीं मिला।
बाद में निकटवर्ती लोगों के अलावा जल संस्थान के टैंकर द्वारा भी आग बुझाने का प्रयास किया गया। तड़के चार 4 बजे रानीखेत से अग्निशमन का वाहन भी पहुंच गया था। सभी के सामूहिक प्रयासों से आग को अन्य मकानों में फैलने से तो रोक लिया गया, परंतु गोविंद सिंह के मकान को नहीं बचाया जा सका।
घटना की सूचना के बाद पहुंचे एसडीएम आरके पांडे ने मौका मुआयना कर नुकसान का जायजा लिया। भवन स्वामी गोविंद सिंह द्वारा प्रशासन को सौंपे पत्र में करीब डेढ़ करोड़ से भी अधिक के नुकसान की बात कही गई है। मौके पर मौजूद राजस्व उप निरीक्षक सोनिया, दीवानसिंह और सोनी नुकसान का विस्तृत आकलन जुटाते रहे। आग के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है अलबत्ता शार्ट सर्किट का अनुमान लगाया जा रहा है।