अल्मोड़ा। नगर में घरों में पानी की आपूर्ति करने वाली अधिकतर पाइप लाइनें गंदे नालों और बरसाती पानी के निकासी मार्गों से होकर गुजर रही हैं। इससे घरों तक पहुंचने वाला पेयजल प्रदूषित होने की आशंका बनी हुई है। नगरवासियों ने इस पर चिंता जताते हुए नालियों और पैदल रास्तों से बिछाई गई पाइप लाइनों को तत्काल हटाने की मांग की है।
शनिवार को संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने नगर क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों की पड़ताल की। सबसे पहले टीम माल रोड से जीआईसी को जोड़ने वाले रास्ते पर पहुंची जहां उपभोक्ताओं के घरों तक जाने वाली पाइप लाइनें नालियों में डूबी दिखाई दीं। वन विभाग और एनसीसी कार्यालय के बीच भी पेयजल लाइनें गंदे पानी में पड़ी मिलीं। टैक्सी स्टैंड से लोअर माल रोड की ओर जाने वाले मार्गों पर कई स्थानों पर पाइप नालियों के भीतर और कुछ जगह सड़कों के ऊपर फैले हुए है।
पैदल रास्तों पर बिछी लाइनें बनीं परेशानी का सबब
नगर के पैदल रास्तों पर बेतरतीब ढंग से बिछी पाइप लाइनें राहगीरों के लिए खतरा बन चुकी हैं। लोगों का कहना है कि पाइपों में पैर फंसने से कई बार लोग घायल हो चुके हैं। नगर निवासी कुंती देवी और भावना पांडे ने बताया कि पैदल मार्गों पर बिछी लाइनें आवागमन में बाधा डाल रही हैं और जगह-जगह रास्ते संकरे हो गए हैं।
लीकेज और गंदगी से बढ़ी संक्रमण की आशंका
कई स्थानों पर पाइप लाइनों में लीकेज है, वहीं पानी खोलने और बंद करने वाले वाॅल्व भी नालियों के बीच लगे हैं। इससे गंदगी के साथ दूषित पानी के घरों तक पहुंचने की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय लोगों ने जल संस्थान से पाइप लाइनें हटाकर वैकल्पिक मार्गों से बिछाने की मांग की है।
वर्जन
जल संस्थान नगरवासियों को रोजाना शुद्ध पानी की आपूर्ति कर रहा है। इस तरह की कोई शिकायत नहीं मिली है। मामले की जानकारी मिलने पर जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। -नीरज तिवारी, अधिशासी अभियंता, जल संस्थान अल्मोड़ा