राजकीय महाविद्यालय में प्रवक्ताओं के रिक्त पदों में नियुक्ति के साथ ही पूर्व में स्वीकृत एमए की कक्षाएं शीघ्र शुरू कराने आदि मांगों को लेकर छात्रों ने तहसील कार्यालय के बाहर नारेबाजी के साथ प्रदर्शन करते हुए धरना दिया। बाद में डीएम को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा गया।
राजकीय महाविद्यालय में बीए में अंग्रेजी और समाज शास्त्र आदि के प्रवक्ता न होने और एमए में हिंदी विषय की स्वीकृति के दो साल बाद भी प्रवक्ता की तैनाती न होने से आक्रोशित छात्रों ने नारेबाजी के साथ तहसील कार्यालय का घेराव करते हुए धरना दिया। बाद में जिलाधिकारी को संबाधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी फिंचाराम चौहान को सौंपा गया। छात्रों ने उक्त मांगों पर कार्रवाई के साथ ही बीकॉम और बीएससी की स्वीकृति प्रदान करने, एमए में अंग्रेजी,भूगोल आदि विषय खोलने की मांग भी की है।
छात्रों का कहना था कि पूर्व में हुए लिखित समझौते के बावजूद मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई है। सेमेस्टर प्रणाली तो लागू कर दी गई, परंतु प्रवक्ताओं की कमी को पूरा नहीं किया जा रहा है। छात्र-छात्राएं कई किलोमीटर की दूरी तय कर कालेज में आते हैं, परंतु पढ़ाई न होने से निराश लौट जाते हैं।
प्रदर्शन में छात्र संघ अध्यक्ष विनोद कुमार, पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष गोकुल कांडपाल, राजेंद्र कांडपाल, गोपाल जोशी, नवीन, संजू, कल्पना, दीपा, ममता, संजय, पूजा, लता, गायत्री आदि शामिल थे। इधर धरना स्थल पर पहुंचे कांग्रेस ब्लाक अध्यक्ष गोपाल मासीवाल और युवा कांग्रेस के विधानसभा अध्यक्ष दीपक नेगी ने भी छात्रों की मांगों का समर्थन किया है।