अल्मोड़ा। एसएसजे परिसर में मंगलवार की रात छात्रों के दो गुटों के बीच हंगामा हो गया। दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर मारपीट का आरोप लगाया है। पुलिस ने इस मामले में दोनों पक्षों पर मुकदमा दर्ज कर लिया है।
एनएसयूआई प्रदेश महासचिव बाल विक्रम सिंह रावत ने पुलिस को बताया कि वह मंगलवार रात करीब 10:30 बजे अपने बड़े भाई कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज के साथ बाइक से घर जा रहे थे। रीगल सिनेमा हॉल के पास छात्र नेता आशीष जोशी उर्फ टाइगर, तन्मय जोशी, राहुल भंगरी उर्फ बन्नी सहित तीन अन्य ने उनका रास्ता रोककर लोहे की रॉड, हॉकी और धारधार हथियार से उस पर हमला कर दिया। इसके बाद बाल विक्रम सिंह को जिला अस्पताल लाया गया। घायल के बड़े भाई भूपेंद्र ने बताया कि उपचार के बाद भाई को रेफर कर दिया गया। तहरीर के बाद पुलिस ने तीन नामजद समेत तीन अज्ञात पर विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया।
मामले में पुलिस को खोल्टा निवासी मीरा भंडारी ने भी तहरीर दी। इसके बाद पुलिस ने मारपीट का क्रॉस मुकदमा दर्ज किया। मीरा का कहना है कि मंगलवार रात करीब सवा 11 बजे पवन मेहरा, शुभांशु रौतेला, गोलू सतवाल, प्रदीप बिष्ट, मयंक बिष्ट सहित अन्य उनके घर पहुंचे। बेटे राहुल भंडारी को बाहर निकालने की बात कहते हुए दरवाजा तोड़कर अंदर घुस आए। पुलिस ने तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। एनएसयूआई कार्यकर्ता पंकज कार्की, बाल विक्रम सिंह, देव मिक्षा, गोलू सतवाल सहित अज्ञात पर भी मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल
कांग्रेस जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि मारपीट के मामले में दर्ज किया गया क्रॉस मुकदमा फर्जी है। कहा कि जिन कार्यकर्ताओं पर मुकदमा दर्ज हुआ है, उसमें कुछ कोतवाली घेराव में शामिल थे। ऐसे में एक ही आदमी दो जगह कैसे हो सकता है। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि सत्ता के दबाव में पुलिस ने कार्रवाई की है।