मुख्य सचिव एस रामास्वामी ने जिलाधिकारी समेत वन विभाग के अधिकारियों को वनों में आग लगने वाली घटनाओं की रोकथाम के लिए ठोस कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने विकासखंड और न्याय पंचायत स्तर पर सभी ग्राम प्रधानों के साथ बैठक कर उनसे सहयोग लेने और 20 अप्रैल को वनाग्रि संबंधी मॉक ड्रिल का आयोजन भी करने को कहा।
वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए मुख्य सचिव ने जगंलों में लगने वाली आग की घटनाओं की रोकथाम के लिए ठोस कार्य योजना बनाने के साथ स्कूल, तहसील, ब्लॉक स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए। उन्होंने राजस्व क्षेत्रों में अव्यवस्थित वनों में वनाग्रि के प्रबंधन के लिए कार्य योजना बनाने और संचार व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए नए वायरलैस सेट और अन्य उपकरण क्रय करने को कहा।
आपदा प्रबंधन सचिव अमित नेगी ने बताया कि 14वें वित्त आयोग के तहत ग्राम प्रधानों को धनराशि दे दी गई है जिससे वह उपकरण खरीद सकते हैं। उन्होंने बताया कि जिलाधिकारी की मांग के अनुसार ही बजट उपलब्ध कराया जा रहा है। अपर सचिव वन शुबुद्धि ने वनाग्री रोकने संबंधी जानकारी जिलाधिकारी और वनाधिकारियों को दी। वरिष्ठ सलाहकार एनडीएमए ने 14 अप्रैल से मनाए जा रहे अग्रि सुरक्षा सप्ताह के तहत 20 अप्रैल को वनाग्रि संबंधी मॉक ड्रिल करने को कहा।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने अल्मोड़ा और बागेश्वर में वनाग्रि रोकने संबंधी अभी तक की तैयारियों के बारे में बताया। इस दौरान वन संरक्षक कुमाऊं क्षेत्र आईपी सिंह, सीडीओ जेएस नागन्याल, वनाधिकारी एस प्रजापति, आरसी शर्मा, एसडीएम विवेक राय, सीओ आरएस टोलिया, आपदा प्रबंधन अधिकारी राकेश जोशी समेत कई अधिकारी मौजूद थेे।