अल्मोड़ा। केंद्रीय युवा कल्याण और खेल मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) किरन रिजिजू ने कहा कि उत्तराखंड में खेलों के प्रशिक्षण के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की जाएगी जहां उत्तराखंड ही नहीं पूरे देश के युवा खेलों का प्रशिक्षण लेने आएंगे और यहां हम ओलंपियन पैदा करेंगे। ओलंपिक में अधिक से अधिक पदक लाने के लिए हमें खेल नीति, सोच और तरीके में ही बदलाव करना जरूरी है। 2028 के ओलंपिक तक हम दुनिया में सबसे अधिक पदक लाने वाले देशों का मुकाबला करेंगे। रिजिजू राज्य स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में राज्य सरकार की ओर से उदय शंकर नाट्य अकादमी में आयोजित युवा सम्मेलन में युवाओं को संबोधित कर रहे थे।
भारत 130 करोड़ की आबादी वाला देश है और इतने बड़े देश में ओलंपिक खेलों में एक-दो मेडल आने पर हम संतुष्ट होने वाले नहीं हैं। स्थान आदि चिन्हित कर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस एक से डेढ़ साल में चालू कर दिया जाएगा। राष्ट्रीय स्तर के तीन-चार अन्य प्रशिक्षण केंद्र भी खोले जाएंगे। उत्तराखंड में पर्यटन और एडवेंचर के क्षेत्र में विकास की संभावनाएं हैं। यहां हर जगह मसूरी और हर जगह नैनीताल है। हम उत्तराखंड से ओलंपियन पैदा करेंगे। हम युवा शक्ति का इस्तेमाल नहीं कर सके तो युवा बोझ बन जाएंगे और उपयोग करेंगे तो वह ताकत बन जाएंगे।
रिजिजू ने कहा कि 2020 के ओलंपिक खेलों के लिए अब सिर्फ नौ माह का समय बाकी है। टोक्यो ओलंपिक में हम अब तक का सबसे अच्छा प्रदर्शन करेंगे। हम 2024 और 2028 के ओलंपिक खेलों की तैयारी में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहेंगे। खिलाड़ियों की ट्रेनिंग और तैयारियों पर जोर दिया जा रहा है। हम 2028 के ओलंपिक की पदक तालिका में चीन, अमेरिका, जर्मनी, फ्रांस, जापान जैसे देशों को टक्कर देंगे।
खेलोगे कूदोगे तो बनोगे लाजवाब
अल्मोड़ा। केंद्रीय युवा और खेल राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) किरन रिजिजू ने कहा कि हर उम्र के लोगों को अपनी रुचि के मुताबिक कोई न कोई खेल अवश्य खेलना चाहिए। उन्होंने कहा, पहले यह कहावत थी कि पढ़ोगे लिखोगे बनोगे नवाब लेकिन अब नई कहावत है खेलोगे कूदोगे बनोगे लाजवाब। उन्होंने कहा देश के लिए खेलकर यदि कोई खिलाड़ी पदक नहीं भी ला पाया तो सरकार उसके जीवन यापन और दवाओं आदि के लिए हमेशा मदद करेगी।
मैं वकीलों से क्यों दुश्मनी मोल लूं: रिजिजू
अल्मोड़ा। केंद्रीय खेल राज्य मंत्री किरन रिजिजू ने बीते दिनों दिल्ली में वकीलों और पुलिस के बीच चल रहे विवाद के दौरान पुलिस के पक्ष में ट्वीट कर दिया था लेकिन विरोध होने पर उन्होंने इस ट्वीट को हटा दिया। इस बारे में पूछे जाने पर रिजिजू बोले कि वकीलों से मैं क्यों दुश्मनी मोल लूं इसलिए वह ट्वीट मैंने हटा दिया। उन्होंने कहा कि वह सुरक्षा कर्मियों की दिक्कतों को समझते हैं। इसलिए इस बारे में ट्वीट किया था लेकिन वकीलों से भी उनकी कोई नाराजगी नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि इस बार भी उन्होंने दीपावली 16200 फीट की ऊंचाई में सेना और आईटीबीपी के जवानों के बीच मनाई थी।