बागेश्वर। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में भागीदारी के लिए शैक्षिक योग्यता आठवीं पास और हाईस्कूल निर्धारित करने के बाद गांवों की राजनीति में बदलाव दिखने लगा है। चुनाव में शिक्षित युवाओं की भागीदारी बढ़ रही है। पीजी और बीएड प्रशिक्षित भी ग्राम प्रधान और क्षेत्र पंचायत के चुनाव में हाथ आजमा रहे हैं। शिक्षित युवाओं का लक्ष्य समुचित विकास के साथ-साथ लोगों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना है।
जिले के तीन विकासखंडाें में से बागेश्वर और गरुड़ में अपेक्षाकृत अधिक शिक्षित युवाओं ने नामांकन कराया है। आरओ कार्यालयों के अनुसार 10-12 प्रतिशत प्रत्याशियों ने स्नातक या अधिक की शैक्षिक योग्यता दर्ज कराई है। बीए, बीएससी, एमए, एमकॉम, एमएससी के साथ-साथ बीएड प्रशिक्षित भी मैदान में हैं।