पैसिया-गड़कोट और मुनड़ा-भीताकोट सड़कों का निर्माण कार्य लंबे समय बाद भी शुरू नहीं होने पर ग्रामीणों ने रोष जताया है। उन्होंने एसडीएम एन नबियाल के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा है। उन्होंने सड़कों का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू नहीं होने पर एक दिसंबर से आमरण अनशन करने की चेतावनी दी।
ज्ञापन में कहा है कि 2005 में पैसिया-गड़कोट और मुनड़ा-भीताकोट मोटर मार्ग स्वीकृत हुए थे। दो बार सर्वे होने के बाद भी सड़कों के निर्माण के लिए अब तक टेंडर नहीं हो सके हैं। सड़क के अभाव में ग्रामीणों को आठ किमी की दूरी पैदल चलनी पड़ती है।
गंभीर रोगियों को डोली में सड़क तक लाया जाता है। कई बार यह रास्ते में ही दम तोड़ देते हैं। सड़क के अभाव में काश्तकारों द्वारा उगाई गई मिर्च, अदरक, सब्जियां आदि मंडी नहीं पहुंच पाती है। इस कारण उन्हें फसल का उचित दाम नहीं मिल पाता है।
उन्होंने सड़कों का निर्माण कार्य शीघ्र शुरू नहीं होने पर एक दिसंबर से आमरण अनशन करने की चेतावनी दी। ज्ञापन देने वालों में प्रधान आनंदी देवी, जिला पंचायत सदस्य नारायण सिंह रावत, प्रधान जयपाल सिंह, त्रिलोक सिंह, चंचल सिंह, कुबेर सिंह, मदन सिंह, शिवेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, गीता देवी, माया देवी आदि शामिल थे।