अल्मोड़ा। देहरादून में भाजपाइयों पर लाठीचार्ज और मसूरी के विधायक गणेश जोशी आदि की गिरफ्तारी के विरोध में भाजपा कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को नगर में मुख्यमंत्री हरीश रावत के पुतले की शवयात्रा निकाली। इसके बाद पुतले का शिखर तिराहे पर दहन किया। इस मौके पर वक्ताओं ने मुख्यमंत्री रावत पर तानाशाही रवैया अपनाकर लोकतंत्र की हत्या करने का आरोप लगाया।
भाजपाई चौघानपाटा में एकत्र हुए। यहां से नारेबाजी करते हुए सीएम के पुतले की शिखर तिराहे तक शवयात्रा निकाली। इसके बाद पुतले को जलाया। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि विधानसभा घेराव के दौरान घायल हुए घोड़े के नाम पर हरीश रावत बेवजह राजनीति कर रहे हैं। भाजपा विधायक और कार्यकर्ताओं को झूठे मुकदमों में फंसाया गया है। उन्होंने कहा कि विधानसभा घेराव के दौरान पुलिस ने कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज किया और कई घायल लोग अस्पताल में भर्ती हैं।
पर कांग्रेस सरकार घोड़े के नाम पर राजनीति कर रही है। मुख्यमंत्री घायल घोड़े को तो देखने गए। पर अस्पताल में भर्ती गंभीर रूप से घायल लोगों को देखने तक की जहमत सीएम ने नहीं उठाई। झूठे मुकदमों में फंसाकर कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के नाम पर उनके परिजनों से अमानवीय व्यवहार किया जा रहा है, जो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
प्रदर्शन में जिला महामंत्री अजीत कर्की, रवि रौतेला, पूर्व विधायक कैलाश शर्मा, मोहन राम आर्या, गोविंद पिलख्वाल, त्रिलोक लटवाल, जगत कनवाल, दर्शन रावत, कैलाश गुरुरानी, महेश नयाल, संजय टम्टा, राजीव गुरुरानी, विनीत बिष्ट, अजय वर्मा, तुषारकांत साह, कृष्ण बहादुर, दिनेश पांडे, दीप टम्टा, अर्जुन बिष्ट, दिनेश शाह, संजय जोशी, रणजीत भंडारी, मोनू साह, देवाशीष नेगी, भुवन बिष्ट, जगमोहन बिष्ट, श्याम पांडे, लता बोरा, भैरव गोस्वामी, प्रदीप मेहता, डा. एसएस पथनी, भुवन भाष्कर राठौर आदि ने भाग लिया।