भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं ने लोक निर्माण विभाग में निविदाओं के आमंत्रण में अनियमितता का आरोप लगाते हुए सोमवार को लोनिवि विभाग का घेराव किया। कार्यालय में अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता के नहीं मिलने पर कार्यकर्ता आक्रोशित हो गए। उन्होंने कार्यालय में ताले जड़ दिए। बाद में कार्यालय प्रभारी से वार्ता के बाद अधीक्षण अभियंता से मंगलवार 27 सितंबर को सायं तीन बजे वार्ता का आश्वासन मिलने पर भाजपाई शांत हुए।
लोनिवि में राजनीतिक दबाव में निविदाओं में धांधली करने का आरोप लगाते हुए भाजपाई सुबह लोनिवि कार्यालय पहुंचे। कार्यालय में अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता के मौजूद नहीं रहने पर प्रदर्शनकारी भड़क गए। उन्होंने लोनिवि कार्यालय में ताले जड़ दिए और धरने में बैठ गए। भाजपाइयों ने आरोप लगाया कि राजनीतिक दबाव में विभाग में निविदा कराई जा रही हैं। विभाग निविदाओं के आमंत्रण में उत्तराखंड अधिप्राप्ति नियमवाली 2008 के नियमों की अनदेखी कर रहा है।
जिलाध्यक्ष ललित लटवाल ने आरोप लगाया कि विभाग में घोर अनियमितताएं लंबे समय से चल रही हैं। जिसे राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। प्रदेश सरकार के नुमाइंदे अधिकारियों पर गलत कार्य करवाने के लिए दबाव डाल रहे हैं। जिसे सहन नहीं किया जएगा। बाद में कार्यालय प्रभारी से भाजपाइयों की वार्ता हुई। मंगलवार 27 सितंबर को सायं तीन बजे एसई से वार्ता का आश्वासन मिला है। प्रदर्शन में पूर्व विधायक रघुनाथ सिंह चौहान, विधानसभा संयोजक धर्मेंद्र सिंह बिष्ट, राजा खान, दर्शन रावत, कैलाश गुरुरानी, महेश नयाल, तुषार कांत साह, कृष्ण बहादुर, अरविंद बिष्ट, विनीत बिष्ट, मनोज जोशी, सुनील जोशी, मनोज बिष्ट, देवाशीष नेगी, राहुल बोरा, विक्रम बिष्ट, जगत कवनाल, अजय वर्मा, जगमोहन बिष्ट, दीपक पांडे, त्रिलोक लटवाल, कमल बिष्ट, सौरभ वर्मा, दयाशंकर, सचिन जोशी आदि मौजूद थे।