सम्मान समारोह में मौजूद वयोवृद्ध कवि पांडे।
- फोटो : अमर उजाला
शहीद स्मारक भवन चनौदा में हुए कार्यक्रम में साहित्य प्रेमियों ने माला ग्राम निवासी वयोवृद्ध कुमाऊंनी कवि हंसा दत्त पांडे को उनके 76वें जन्म दिन के अवसर पर सम्मानित किया। बाल्यकाल में ही श्री पांडे की आंखों की रोशनी चली गई थी। वह अब भी कुमाउंनी में साहित्य सृजन कर रहे हैं।
मुख्य अतिथि वरिष्ठ साहित्यकार डा. कपिलेश भोज ने कवि पांडे के कविताओं के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि नई पीढ़ी में पढने की संस्कृति विकसित करने के लिए ठोस प्रयास किए जाने की जरूरत है। विशिष्ट अतिथि कुमाऊंनी मासिक पत्रिका पहरू के संपादक डा. हयात सिंह रावत और कुमाऊंनी कवि मोहन जोशी थे। उन्होंने कहा कि वर्तमान में कुमाऊंनी भाषा में साहित्य सृजन हो रहा है। लोगों को अधिक से अधिक कुमाऊंनी साहित्य पढना चाहिए। अध्यक्षता स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व. प्रयाग दत्त जोशी की पत्नी कौशल्या देवी ने की।
संचालन संतोष जोशी ने किया। आयोजक समिति के आनंद सिंह भाकुनी ने सभी का आभार जताया। इस मौके पर मदन मोहन सनवाल, त्रिभुवन जोशी, महिपाल सिंह भाकुनी, गोपाल सिंह भाकुनी ने विचार रखे। इस अवसर पर पीतांबर दत्त जोशी, त्रिभुवन जोशी, दिनेश जोशी, गणेश दत्त जोशी, किशोर सिंह बोरा, भावना जोशी, नीरज पांडे, कमल भाकुनी, महेंद्र बोरा आदि मौजूद थे।