नगर में अतिक्रमण की समस्या लगातार गहराती जा रही है। बाजार की सड़कों में कई स्थानों पर रेहड़ी लगाकर सामान बेचने से सड़कें लगातार सिकुड़ रही हैं। पूर्व में पालिका परिषद ने अभियान चलाकर चौड़ी जगहों पर ही रेहड़ी और फड़ लगाने वालों को अनुमति दी थी, लेकिन पालिका यह आदेश भी परवान नहीं चढ़ सका। मिलन चौक से लेकर कचहरी बाजार तक कई जगहों पर सड़क पर अतिक्रमण किया जा रहा है जिससे लोगों में भारी नाराजगी है, लेकिन पालिका चुप्पी साधे है।
अल्मोड़ा का व्यस्त बाजार अब सिकुड़ता जा रहा है। फड़, रेहड़ी और सब्जी विक्रेता भी तंग बाजार में दुकानों के बाहर अपना व्यवसाय चला रहे हैं। जिससे बाजार में आने-जाने वाले लोगों को निकलने में मुश्किलें आ रही हैं। खासकर खरीददारी को आने वाले वृद्ध, महिलाएं और बच्चों के अलावा बाहर से घूमने आने वाले पर्यटक तंग बाजार में घूमने का आनंद नहीं ले पाते हैं। पिछले साल पालिका ने अभियान चलाकर बाजार फड़ आदि हटवाए, लेकिन अभियान ने कुछ ही महीनों में दम तोड़ दिया। नतीजा यह रहा कि लाला बाजार से लेकर कचहरी बाजार तक अतिक्रमण की चपेट में आ गया है।
इधर अधिशासी अधिकारी अशोक कुमार ने बताया कि पालिका ने बाजार में पहले पेंट से पट्टी मार्क करके उससे आगे दुकान नहीं लगाने के निर्देश दिए थे। 12 फीट छोड़कर या फिर जो जगह चौड़ी हैं उन जगहों पर फड़, रेहड़ी वालों को दुकान लगाने की अनुमति दी थी। पालिका दोबारा फिर से जल्द ही अभियान शुरू करेगी।