उत्तराखंड माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की दसवीं और बारहवीं की परीक्षा में अल्मोड़ा के छात्र-छात्राओं का प्रदर्शन शानदार रहा। प्रदेश स्तर की मैरिट में जिले से दसवीं के 25 छात्र-छात्राओं ने और बारहवीं में 10 छात्र-छात्राओं ने स्थान हासिल किया। इस बार दसवीं की परीक्षा में ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों ने भी उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की। राज्य स्तर की वरीयता सूची में रहे कुल 25 बच्चों में से 10 ग्रामीण क्षेत्र के विद्यालयों के हैं। जिला स्तर पर दसवीं की परीक्षा में दीपक मेहरा और बारहवीं में गीता भाकुनी तथा आदित्य कोष्ठा सर्वश्रेष्ठ रहे।
इस साल भी जिले के विद्यालयों का प्रदर्शन शानदार रहा। दसवीं की परीक्षा में जिले के 25 छात्र वरीयता सूची में शामिल हैं। इनमें साथ छात्र विवेकानंद इंटर कालेज रानीधारा रोड अल्मोड़ा के हैं। इनमें दीपक मेहरा 96.20 प्रतिशत अंकों के साथ प्रदेश में तीसरे स्थान पर रहे। उन्हें जिले में सर्वोच्च स्थान मिला। इंटरमीडिएट में वरीयता सूची में रहे दस छात्र-छात्राओं में आठ विवेकानंद इंटर कालेज रानीधारा अल्मोड़ा के हैं। बारहवीं में 93 प्रतिशत अंकों के साथ गीता भाकुनी और आदित्य कोष्ठा सर्वश्रेष्ठ रहे। इस बार ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों का प्रदर्शन भी शानदार रहा। प्रदेश स्तर की मैरिट में तीन छात्र-छात्राएं बगवालीपोखर के, एक चौखुटिया, एक नौगांव रीठागाड़, एक स्याल्दे, एक बाड़ेछीना का है।
पहली बार आर्य कन्या विद्यालय की छात्रा मैरिट में
नगर में फिसड्डी माने जाने वाले आर्य कन्या इंटर कालेज की एक छात्रा आशा ने राज्य स्तर पर 14वां स्थान प्राप्त करके नगर के अन्य सभी सरकारी विद्यालयों को पीछे छोड़ दिया। आर्य कन्या इंटर कालेज से पहली बार कोई छात्रा प्रदेश स्तर की वरीयता सूची में शामिल रही। विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष बिट्टू कर्नाटक ने छात्रा के साथ ही शिक्षिकाओं को भी इसके लिए बधाई दी है। कुछ साल पहले तक जीआईसी अल्मोड़ा के कई छात्र प्रदेश स्तर की मैरिट सूची में स्थान बनाते थे लेकिन इस बार जीआईसी ही नहीं नगर के जीजीआईसी, एडम्स गर्ल्स इंटर कालेज, एआईसी, रैमजे आदि किसी विद्यालय के छात्र-छात्राएं मैरिट में स्थान नहीं पा सके। लोगों का कहना है कि नगर के विवेकानंद इंटर कालेज में शिक्षक मेहनत से पढ़ाई करते हैं तो वहां के छात्र हर साल वरीयता सूची में स्थान पाते हैं। अन्य विद्यालय भी इस विद्यालय से प्रेरणा ले सकते हैं।