भिकियासैंण (अल्मोड़ा)। अनियमितताएं मिलने पर नौगांव-सनणा में स्थित रामगंगा स्टोन क्रशर को सीज कर दिया गया है। एमएमडीआर एक्ट के तहत चालान कर संचालक पर छह लाख 93 हजार 570 रुपये जुर्माने की संस्तुति भी की गई है। यह कार्रवाई उपनिदेशक खनन राजपाल लेद्या और एसडीएम गौरव चटवाल की टीम के निरीक्षण के बाद की गई है।
अपर सचिव खनन के निर्देशों के बाद अधिकारियों को निरीक्षण के दौरान स्टॉक रजिस्टर और पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा निर्गत क्रशर संचालन सहमति पत्र आदि नहीं मिला। भंडारित उपखनिज की पैमाइश करने पर 667 घनमीटर उपखनिज पाया गया।
एसडीएम गौरव चटवाल ने बताया कि तीन अप्रैल को नायब तहसीलदार और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम द्वारा भी क्रशर का निरीक्षण किया गया था। उस दौरान भी 1328 घनमीटर उपखनिज प्राप्त हुआ। जिसमें से 641 घनमीटर उपखनिज को बिना अभिलेखों, रायल्टी और रमन्ने के अवैध रूप से परिवहन किया गया। जो उत्तराखंड खनिज अवैध खनन, भण्डारण निवारण नियमावली का उल्लघंन है।
इस अवैध रूप से परिवहन किए गए 641 घनमीटर उपखनिज का मूल्य रायल्टी का पांच गुना 770 प्रति घनमीटर के दर से 493570 रुपये और अर्थदंड दो लाख रुपये है। संचालक पर कुल 6,93,570 रुपये बतौर जुर्माने की संस्तुति दी गई है। उपनिदेशक खनन राजपाल लेघा ने बताया स्टोन क्रशर के निरीक्षण के दौरान पाई गई अनिमियताओं के कारण एमएमडीआर एक्ट 1997 के धारा 37-सी के तहत क्रशर को सीज कर दिया गया है। संयुक्त निरीक्षण में सर्वेक्षक विनोद बराकोटी, राजस्व उपनिरीक्षक राजेंद्र लाल वर्मा भी मौजूद थे।