बागेश्वर। यहां राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में महिलाओं से जुड़े गंभीर सवालों पर प्रतियोगिताएं हुईं। आजादी के बाद देश में महिलाओं की दशा में आए बदलाव पर चर्चा हुई। वक्ताओं ने विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की तरक्की के लिए मौजूद संभावनाओं पर भी विचार-विमर्श किया।
यहां अंग्रेजी विभाग और राजनीति शास्त्र विभाग की ओर से प्रतियोगिताएं संपन्न कराई गई। उद्घाटन करते हुए प्राचार्य डा. एससी पंत ने छात्र-छात्राओं में स्वस्थ राजनैतिक चेतना विकसित करने का आह्वान किया। शिक्षकाें ने महिलाओं की मौजूदा स्थिति, पंचायतों की राजनीति में महिलाओं की सक्रियता और तमाम अन्य सवालों पर विचार रखे। कहा कि महिलाओं ने समय-समय पर समाज, देश और राजनीति को दिशा दी है। उन्होंने छात्राओं से पवित्र और नेक इरादों के साथ लक्ष्य की तरफ बढ़ने का आह्वान किया। अंगेजी विभागाध्यक्ष डा. कुलदीप रस्तोगी, राजनीति विज्ञान के विभागाध्यक्ष डा. सचिन रस्तोगी, अर्थशास्त्र के डा. नरेश कुमार गंगवार, जंतु विज्ञान के डा. महेश कुमार, समाज शास्त्र के डा धनंजय वर्मा, हिंदी की डा. दीपा गोवाड़ी, अर्थशास्त्र की डा. पारुल भारद्वाज, नेहा पालनी, डा. शरद भट्ट, धनंजय शर्मा, डा. दीपाली कनवाल, डा. रंजना साह आदि ने महिलाओं के सरोकारों को अलग-अलग ढंग से उठाया।