अल्मोड़ा। आउटसोर्स के माध्यम से लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड में मेट और बेलदार पदों पर नियुक्त एसएसबी स्वयं सेवकों को सेवा से हटाने के विरोध में एसएसबी स्वयं सेवक (गुरिल्लों) ने सोमवार को लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड के अधिशासी अभियंता कार्यालय में धरना दिया और नारेबाजी कर विरोध जताया। इस मौके पर गुरिल्लों की अधिशासी अभियंता केके तिलारा से वार्ता हुई। उन्होंने गुरिल्लों को पुनर्नियुक्ति के लिए निविदा लगाने और रुका हुआ मानदेेय शीघ्र देने के आदेश जारी करने की मांग की।
धरना स्थल पर हुई बैठक में वक्ताओं ने कहा कि आउटसोर्स के माध्यम से लोनिवि निर्माण खंड में मेट और बेलदार पदों पर नियुक्त गुरिल्लों को गलती से हुए एक आदेश के बाद सेवा से हटा दिया गया था। इसके विरोध में गुरिल्लों ने धरना दिया। जिसके बाद पांच सितंबर को प्रमुख अभियंता ने मेट और बेलदारों को पुन: सेवा में रखने के निर्देश जारी किए थे। इस मामले में लोनिवि निर्माण खंड द्वारा भी मेट और बेलदारों की मांग प्रमुख अभियंता को भेज दी थी। अधीक्षण अभियंता स्तर ने इसका अनुमोदन किया गया था। अधिशासी अभियंता ने अधीक्षण अभियंता स्तर से अनुमोदन के बाद आउटसोर्स से मेट और बेलदार रखने की निविदा जारी कर दी थी। आरोप लगाया कि अब सहायक अभियंता स्तर से रिपोर्ट नहीं आने की बात कह कर गुरिल्लों को भ्रमित किया जा रहा है।
गुरिल्लों की अधिशासी अभियंता से वार्ता हुई। उन्होंने गुरिल्लों को पुनर्नियुक्ति के लिए निविदा लगाने और रुका हुआ मानदेेय शीघ्र देने का आश्वासन दिया। धरने पेंर एसएसबी स्वयं सेवक कल्याण समिति के जिलाध्यक्ष शिवराज बनौला, पूरन बिष्ट, अर्जुन नैनवाल, कृष्ण राम, गोपाल सिंह, गोपाल राम, सुंदर बिष्ट, प्रकाश राम, बसंत लाल, बसंत सिंह नेगी, शंकर सिंह अधिकारी, गोविंद सिंह बोरा, जसवंत सिंह बोरा, जगदीश सिंह बोरा, सुरेंद्र सिंह, बीना देवी, जानकी देवी, शांति देवी, संजय लाल, आनंदी मेहरा आदि बैठे।