मानिला (अल्मोड़ा)। हिमालयन सोसियो इकोनोमिक डवलपमेंट सोसाइटी और मानिला विकास समिति की ओर से राजकीय इंटर कालेज मानिला में आयोजित दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला में युवाओं और किसानों को मशरूम उत्पादन और जड़ी-बूटी की खेती करने के गुर बताए गए।
मशरूम प्रशिक्षक विजय बडौला और प्रमोद बिष्ट ने कहा कि युवा और किसान रोजगार के लिए पलायन करने के बजाय घर में ही रहकर मशरूम उत्पादन कर लाभ कमा सकते हैं। बहुत कम पूंजी लगाकर ग्रामीण मशरूम उत्पादन कर प्रतिमाह 15 से 20 हजार की आय अर्जित कर सकते हैं। जड़ी-बूटी प्रशिक्षक बीरेंद्र सिंह राणा ने सतावर, अश्वगंधा, एलोवेरा, बड़ी इलायची आदि उत्पादन करने के बारे में जानकारी दी। संचालन करते हुए समिति के नीरज बवाड़ी ने बताया कि भविष्य में भी प्रशिक्षण दिया जाएगा।
उन्होंने क्षेत्र के विभिन्न स्कूलों के नौवीं से 12 वीं तक के छात्र-छात्राओं की कॅरियर काउंसलिंग में रोजगार के अवसरों के बारे में बताया। समिति के अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह बंगारी ने कहा कि जानवरों के बढ़ते आतंक से पारंपरिक खेती करना मुश्किल हो गया है। किसान जड़ी-बूटी और मशरूम की खेती कर लाभ कमा सकते हैं। इस मौके पर ज्येष्ठ प्रमुख कुंदन सिंह बिष्ट, प्रधानाचार्य नवीन सोराडी, सोसाइटी के सचिव महेश उपाध्याय, रमेश रावत, महिपाल बंगारी, पूरन सती, महेंद्र सिंह, त्रिलोक सिंह सिराल, रूप सिंह, देवेंद्र जीना, गोविंद सिंह आदि मौजूद थे।