अल्मोड़ा। स्पर्धा संस्था द्वारा बख स्थित राजकीय बाल गृह किशोरी में रह रही किशोरियों के लिए आयोजित तीन माह के कौशल विकास प्रशिक्षण का समापन हो गया है। इस दौरान 45 किशोरियों को ब्यूटीशियन और कास्मेटोलॉजी का प्रशिक्षण दिया गया। समापन अवसर पर जिला प्रोबेशन अधिकारी राजीव नयन तिवारी ने कहा कि प्रशिक्षण किशोरियों को आत्मनिर्भर बनाने में सहायक होगा।
महाप्रबंधक उद्योग केंद्र पिथौरागढ़ कविता भगत ने कहा कि व्यक्ति का कौशल ही उसकी असली पूंजी है। जो व्यक्ति में आत्मविश्वास का विकास करता है। शिक्षा व्यक्तित्व निर्माण के लिए अत्यंत जरूरी है, लेकिन शिक्षा रोजगार की गारंटी नहीं हो सकता है। व्यक्ति का कौशल निश्चित रूप से रोजगार की गारंटी हो सकता है। अपने कौशल को अपनी आजीविका का जरिया बनाएं। उन्होंने कहा कि किशोरियां आत्मविश्वास और स्वाभिमान के साथ अपने आप को समाज की मुख्य धारा में स्थापित करें।
बाल कल्याण समिति के प्रशांत जोशी ने राजकीय बाल गृह, बालिका और शिशु सदन में किए गए कार्यों का ब्यौरा रखा। सुनीता ग्रुप ऑफ होटल्स के निदेशक अरुण वर्मा ने कहा कि व्यक्ति का कौशल कभी व्यर्थ नहीं जाता । राजकीय बाल गृह की अधीक्षिका माया पांडे ने प्रशिक्षण को बालिकाओं के आजीविका संवर्धन के लिए लाभदायक बताया। स्पर्धा संस्था के सदस्यों ने बाल गृह को पांच दीवार घड़ी, संस्था के प्रमुख दीप चंद्र बिष्ट ने पांच इलेक्ट्रिक प्रेस बाल गृह को भेंट की। प्रशिक्षण सुनीता ग्रुप ऑफ होटल्स और शिवालिक ग्रुप ऑफ होटल्स के सहयोग से आयोजित किया गया। समापन अवसर पर प्रतिभागी किशोरियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। संचालन संस्था के कैलाश रौतेला ने किया। इस अवसर पर रेखा साह, अनीता लोहनी, हेमा पांडे, मंजू जोशी, पूजा कवनाल, नीमा गोस्वामी आदि मौजूद थीं।