अल्मोड़ा। अधिवक्ता समुदाय की मांगों का भारत सरकार द्वारा समाधान नहीं करने पर जिला बार एसोसिएशन ने रोष जताया है। अधिवक्ता 12 फरवरी को जिला मुख्यालय में प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद मांगों को लेकर जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा जाएगा।
बार के अध्यक्ष महेश परिहार ने कहा कि न्यायालय परिसर में अधिवक्ता संघों के भवन, बैठने की समुचित व्यवस्था, पुस्तकालय, ई-लाइब्रेरी, शौचालय, मुफ्त इंटरनेट की व्यवस्था की जाए। नए जरूरतमंद वकीलों को पांच साल तक 10 हजार रुपये प्रतिमाह मिलें।
सभी अधिक्ताओं और उनके परिवार का जीवन बीमा, आकस्मिक मृत्यु पर पचास ला रुपये की व्यवस्था, बीमारी में मुफ्त इलाज, अक्षम और वृद्ध वकीलों के लिए पेंशन, पारिवारिक पेंशन दी जाए। लोक अदालतों के कार्य वकीलों के जिम्मे हों।
न्यायिक पदाधिकारियों और न्यायाधीशों को इससे दूर रखा जाए। सभी जरूरतमंद वकीलों को घर निर्माण के लिए भूखंड की व्यवस्था, सभी ट्रिब्यूनल्स, कमीशन आदि में वकीलों की बहाली होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मांगों को लेकर बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने भारत सरकार को ज्ञापन भेजा।
बजट सत्र में मांगें पूरी करने की मांग की गई थी, लेकिन केंद्र सरकार ने कोई कार्रवाई नहीं की। मांगों को लेकर अधिवक्ता देश, प्रदेश की राजधानी और जिला मुख्यालयों में रैली निकालकर प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने सभी अधिवक्ताओं से 12 फरवरी को सुबह 11:30 बजे कलक्ट्रेट में उपस्थित होने का आह्वान किया है।