उत्तराखंड जल संस्थान में पिछले लंबे समय से कार्य कर रहे संविदा कर्मियों को नए ठेकेदार द्वारा हटाए जाने पर संविदा कर्मियों में आक्रोश है। संविदा कर्मियों ने शीघ्र बहाली की मांग को लेकर जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजा है, चेतावनी दी है कि यदि 23 नवंबर तक उन्हें बहाल नहीं किया तो आंदोलन शुरू कर दिया जाएगा। 28 नवंबर से रानीखेत शाखा भी आंदोलन में कूद जाएगी।
ज्ञापन में कहा गया है कि द्वाराहाट शाखा में दो दर्जन से अधिक संविदा कर्मी पिछले 10 सालों से कार्य कर रहे हैं। इस बीच नए ठेकेदार ने पांच कर्मचारियों को हटा दिया है। ठेकेदार कई कर्मचारियों से कम वेतन देने की भी चेतावनी दे रहा है। इस संबंध में जब कर्मचारियों ने ठेकेदार से वार्ता की तो ठेकेदार द्वारा मांगों को अनसुना किया जा रहा है। जो कर्मचारी काम कर रहे हैं, उन्हें डर सता रहा है कि उनका ईपीएफ जमा होगा या नहीं। कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से कम वेतन में सेवा देने के बावजूद उनके साथ इस तरह की कार्रवाई की जा रही है, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आक्रोशित कर्मचारियों का कहना है कि वह इसके लिए आंदोलन करेंगे। ज्ञापन भेजने वालों में द्वाराहाट संविदा श्रमिक संघ के अध्यक्ष नरेंद्र सिंह, उपाध्यक्ष सूरज पाल, कोषाध्यक्ष दिनेश राम, भूपाल सिंह, हरीश पांडेय, नारयण गिरि, रविंद्र प्रकाश, वीरबल सिंह, ध्यान सिंह, धाम सिंह, आशा देवी, हिम्मत सिंह, तेज सिंह, ंचंद्रशेखर, भुवन सिंह सहित तमाम कर्मचारी शामिल थे।