अल्मोड़ा। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत बना दन्यां-आरासलपड़ मोटर मार्ग की हालत बहुत खराब हो गई है। बीते दिनों मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत एक महीने के भीतर राज्य भर की सड़कों के गड्ढा मुक्त कर देने के आदेश कर चुके हैं, लेकिन मुख्यमंत्री के आदेश के बाद भी संबंधित विभागों के अधिकारी सड़क के गड्ढों को भरने और क्षतिग्रस्त मार्ग की मरम्मत के प्रति बेपरवाह दिख रहे हैं।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत बनाई गई दन्यां-आरासलपड़ मोटर मार्ग की हालत देखकर लगता है कि मुख्यमंत्री के आदेश के बाद भी विभागीय अफसरों पर कोई असर नहीं हुआ। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत 2007 में 32 किमी दन्यां-आरासलपड़ मोटर मार्ग का निर्माण किया गया था।
यह सड़क दन्यां, रज्यूड़ा, सेरी, भचखोला, सैनगैर, फाराखोली, दौला चितौला, टकोली, मयोली, आरासलपड़, टकोली, काभड़ी, सट्टी आदि गांवों को जोड़ती है। इस सड़क में 2003 में डामरीकरण किया गया। विभाग को हैंडओवर होने के बाद सड़क की हालत पहले से भी खस्ता हो गई।
दन्यां-आरासलपड़ मोटर मार्ग पर डामर उखड़ने से जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं। बरसात के दिनों में तो सड़क तालाब का रूप ले लेती है। लोगों ने बताया कि सड़क में कई स्थानों पर मलबा भी पड़ा है। सड़क बदहाल होने के कारण लोग जान हथेली में लेकर सफर करने को मजबूर हैं। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी 25 सितंबर को इस सड़क को दुरुस्त करने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसके बावजूद आज तक सड़क दुरुस्त नहीं की गई है।