द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। लोक सभा चुनाव में विकास के मुद्दे के बजाये एकलू बानर और भाग दा जैसे मुद्दों को केंद्रित किए जाने से लोगों में आक्रोश है। चुनावी चर्चा में विभिन्न जनसंगठनों के लोगों ने कहा कि यह चुनाव विकास के मुद्दे पर कतई केंद्रित नहीं हो रहा है। यहां स्वीकृति के बावजूद केंद्रीय विद्यालय नहीं खुलने से भी लोगों में निराशा दिखी।
पूर्व सैनिक संगठन के प्रवीन सिंह और सुधीर शाह ने कहा कि केंद्रीय विद्यालय को सैद्धांतिक स्वीकृति मिल चुकी है, लेकिन स्थापना आज तक नहीं हो सकी। जनप्रतिनिधि विद्यालय तक नहीं खुलवा सके। पूर्व पालिका अध्यक्ष विनोद जोशी ने कहा कि वर्षों से विकास की राह देख रहा ऐतिहासिक हित चिंतक भवन के पुनर्निर्माण की घोषणा भी कोरी साबित हुई है।
कहा कि पुरानी नगर पंचायत होने के बावजूद इसका परिसीमन नहीं हुआ इसे पालिका का दर्जा तक नहीं दिया गया। गवर्नमेंट पेंशनर्स वैलफेयर आर्गनाइजेशन शाखा के अध्यक्ष एचआर आर्य, पूर्व सभासद बसंत लाल शाह ने नगर में सीवरेज समस्या का समाधान नहीं होने की बात कही। कहा कि ऐतिहासिक स्याल्दे बिखोती मेले को आज तक राज्य स्तरीय मेले का दर्जा नहीं मिल सका।
जबकि पूर्व में कई मुख्यमंत्री इसकी घोषणा कर चुके हैं। कहा कि राष्ट्रहित के साथ ही क्षेत्र के विकास की सोच रखने वाले जनप्रतिनिधि को ही संसद में भेजा जाना चाहिए। लोगों में आक्रोश इस बात पर दिखा कि चुनाव में विकास के मुद्दे तो गायब हैं, नेता किसी को एकलू बानर तो किसी को भागदा जैसे तंज कसकर जनता को गुमराह कर रहे हैं। चुनाव में विकास के मुद्दे ही गायब होंगे तो विकास कैसे होगा, इस पर भी लोगों को सोचना होगा।